सर्वोच्च अदालत के समक्ष रखूंगा पूरा पक्ष, इंदौर महापौर के शिकायती पत्र का दिग्विजय सिंह ने किया स्वागत
दिग्विजय सिंह ने महापौर भार्गव को धन्यवाद देते हुए कहा कि उनके इस कदम से उन्हें सर्वोच्च न्यायालय के समक्ष अपनी बात रखने और अपने पक्ष को विस्तार से प्रस्तुत करने का अवसर प्राप्त होगा।
भोपाल। मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने इंदौर के महापौर पुष्यमित्र भार्गव द्वारा उनके विरुद्ध सर्वोच्च न्यायालय की अवमानना की कार्यवाही किए जाने के संबंध में भारत के सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता को पत्र लिखे जाने पर महापौर से दूरभाष पर चर्चा की।
दिग्विजय सिंह ने महापौर भार्गव को धन्यवाद देते हुए कहा कि उनके इस कदम से उन्हें सर्वोच्च न्यायालय के समक्ष अपनी बात रखने और अपने पक्ष को विस्तार से प्रस्तुत करने का अवसर प्राप्त होगा।
सिंह ने कहा कि लोकतंत्र में प्रत्येक नागरिक और जनप्रतिनिधि को अपने विचार रखने तथा संवैधानिक एवं न्यायिक प्रक्रियाओं के अंतर्गत अपना पक्ष रखने का अधिकार है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि सत्य एवं तथ्य सर्वोच्च न्यायालय के समक्ष पूरी स्पष्टता के साथ प्रस्तुत होंगे।
दिग्विजय सिंह ने कहा कि उनके 50 वर्षों के राजनैतिक जीवन में उन्होंने सदैव संविधान, लोकतांत्रिक संस्थाओं और न्यायपालिका का सम्मान किया है तथा आगे भी करते रहेंगे।
बता दें कि मध्य प्रदेश राज्यसभा चुनाव में कांग्रेस उम्मीदवार मीनाक्षी नटराजन का नामांकन खारिज होने के बाद उठा सियासी तूफान थमने का नाम नहीं ले रहा है। इस घटनाक्रम के बाद ECI से लेकर सुप्रीम कोर्ट तक पर सवाल खड़े हो रहे हैं। विगत दिनों पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने मीडिया से कहा था कि इस चोरी में सभी शामिल हैं। ना केवल राज्य और केंद्र बल्कि चुनाव आयोग और मुझे कहना पड रहा कि माननीय सुप्रीम कोर्ट भी इसमें शामिल है। सिंह के इस बयान के बाद बीजेपी नेता व इंदौर महापौर पुष्यमित्र भार्गव ने सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता को पत्र लिखकर पूर्व सीएम के खिलाफ अवमानना कार्रवाई की मांग की है।




