कोलकाता। पश्चिम बंगाल के कोलकाता में चोरबागान के दुर्गा पंडाल में शनिवार शाम भगदड़ मच गई। इस हादसे में 18 श्रद्धालुओं की मौत हो गई है। मरने वालों में 4 पुरुष, 13 महिलाएं और एक 7 साल का एक बच्चा भी शामिल है। मीडिया रिपोर्ट्स में कोलकाता मेडिकल कॉलेज के सूत्रों के हवाले से 20 मौतों का दावा किया गया है। जबकि हादसे में 45 से ज्यादा लोग घायल भी हैं।
कोलकाता पुलिस के अनुसार शनिवार शाम करीब 7:40 बजे बारिश शुरू हो गई थी। बारिश से बचने के लिए कई लोग पंडाल के अंदर रुके थे। इसी दौरान नए दर्शकों के अंदर जाने की कोशिश के बीच धक्का-मुक्की हुई। हादसे के बाद पंडाल की लाइटें बंद कर दी गईं और एंट्री रोक दी गई है। बंगाल सरकार ने एक टोल फ्री हेल्पलाइन नंबर 18003455678 शुरू किया है। घटना के बाद कई दुर्गा पूजा पंडाल बंद कर दिए गए हैं।
सभी घायलों को सुरक्षित बाहर निकालकर MCH (मेडिकल कॉलेज अस्पताल) ले जाया गया है। कंट्रोल रूम से अतिरिक्त बल, फायर ब्रिगेड, कोलकाता पुलिस, DMG टीम और मेडिकल टीमों के साथ एम्बुलेंस को मौके पर तैनात किया गया। पूजा पंडाल को अब लोगों के लिए बंद कर दिया गया है। अब तक मिली जानकारी के अनुसार, लगभग 35 लोगों को MCH ले जाया गया है। आगे की जानकारी का इंतज़ार है।
पश्चिम बंगाल की पूर्व सीएम सीएम ममता बनर्जी ने भगदड़ की घटना पर दुख जताया है। उन्होंने कहा कि वह घटना की खबर से बेहद स्तब्ध और दुखी हैं। ममता बनर्जी ने घायलों के जल्द ठीक होने की कामना की और इस मुश्किल समय में उनके परिवारों को हिम्मत और साहस देने के लिए मां दुर्गा से प्रार्थना की।
वहीं, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हादसे पर दुख जताते हुए जान गंवाने वालों के परिजनों को प्रधानमंत्री राहत कोष से 2-2 लाख रुपए की आर्थिक मदद की घोषणा की है। साथ ही कहा है कि घायलों को 50-50 हजार रुपए दिए जाएंगे।