नई दिल्ली। अमेरिका-इजराइल की ईरान से जंग की वजह से देशभर में LPG की भयंकर किल्लत उत्पन्न हो गई है। गैस एजेंसियों के बाहर लंबी-लंबी कतारें हैं। गैस सिलेंडर की कालाबाजारी और जमाखोरी भी हो रही है। सरकार का दावा है कि गैस सिलेंडर की पर्याप्त व्यवस्था है। हालांकि, जमीनी हालात इसके उलट हैं। हजारों की संख्या में होटल, ढाबे, रेस्टोरेंट्स और स्ट्रीट फूड स्टॉल्स से लेकर स्टूडेंट्स के हॉस्टल और मेस बंद हो गए हैं। आलम ये है कि सिलेंडर के लिए लाइन में लगे लोगों की मृत्यु भी होने लगी है।

गैस सिलेंडर को लेकर एजेंसियों पर लग रही लंबी लाइनें अब जान की आफत बन रही हैं। पंजाब के बरनाला जिले के गांव शैहना में गैस सिलेंडर लेने के लिए लाइन में लगे एक 66 वर्षीय बुजुर्ग की हार्ट अटैक से मौत हो गई। वह गैस के लिए दो घंटे से लाइन में लगे थे। जानकारी के अनुसार, गांव शैहना निवासी भूषण कुमार मित्तल (66) अपने बेटे देवराज मित्तल के साथ आज सुबह 8 बजे से गैस एजेंसी पर सिलेंडर लेने के लिए लाइन में खड़े थे। उनका नंबर 25वां था। 

इंतजार के दौरान, सिलेंडर पर बैठे-बैठे उन्हें अचानक हार्ट अटैक आया और मौके पर ही उनका निधन हो गया। इस घटना की सूचना मिलते ही पूरे इलाके में शोक फैल गया। परिवारजन शव को घर ले गए हैं और पोस्टमार्टम की व्यवस्था की जा रही है। भदौड़ हलके के कांग्रेस नेता सुखविंदर सिंह धालीवाल ने इस मौत के लिए सीधे तौर पर केंद्र सरकार को जिम्मेदार ठहराया है। उन्होंने कहा कि मृतक मजदूरी करके अपना घर चलाता था। धालीवाल ने केंद्र और पंजाब सरकार से मृतक के परिवार को मुआवजा देने की मांग की। उन्होंने यह भी कहा कि देश के लोगों को सिलेंडर लेने के लिए घंटों लाइनों में खड़ा रहना पड़ता है, जिसके कारण यह दुखद घटना हुई।

पंजाब में अन्य जिलों में भी लोग सिलेंडर लेकर भागते नजर आए। उधर, केरल में गैस किल्लत से करीब 40% रेस्टोरेंट बंद होने की कगार पर है। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने LPG सप्लाई की बिगड़ी स्थिति को लेकर केंद्र सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। विरोध जताने के लिए अपने साथ मिट्टी के चूल्हे लेकर आए थे।

राजस्थान में भी होटल-रेस्टोरेंट में गैस का स्टॉक खत्म होने से बिजनेस ठप होने लगे हैं। कई जगह ताले भी लटकने लगे हैं। वहीं कोटा समेत कई शहरों में हॉस्टल मेस और ढाबों में मजबूरी में लकड़ी, कोयले और इलेक्ट्रिक चूल्हों पर खाना बनाया जा रहा है। कई शहरों में एजेंसियों पर सुबह 5 बजे से ही लंबी लाइनें लग रही हैं और सिलेंडर न मिलने पर लोगों की पुलिस से झड़प तक हो रही है। इस संकट के बीच सिलेंडर की कालाबाजारी भी हो रही है, जिसके विरोध में कांग्रेस ने जयपुर में सिलेंडर की शवयात्रा निकाली।