इंदौर। बीजेपी पार्षद संध्या यादव पर की गई टिप्पणी को लेकर विवाद के बाद मध्य प्रदेश के मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने सफाई देते हुए खेद जताया है। उन्होंने एक वीडियो जारी कर कहा कि कांग्रेस के लोगों ने उनके शब्दों को गलत तरीके से पेश किया। विजयवर्गीय ने महिला पार्षद को अपनी बेटी जैसा बताते हुए कहा कि उन्होंने उन्हें बचपन में गोद में खिलाया है।
दरअसल, इंदौर में एक कार्यक्रम के दौरान कैलाश विजयवर्गीय का एक वीडियो सामने आया था, जिसमें वह बीजेपी की महिला पार्षद के बारे में उनकी शारीरिक बनावट को लेकर टिप्पणी की थी। जिसमें उन्होंने कहा था कि दीदी की चौड़ाई बढ़ गई है थोड़ी सी। वीडियो सामने आने के बाद इस पर राजनीतिक विवाद शुरू हो गया और कांग्रेस ने विजयवर्गीय के बयान पर सवाल उठाए।
विवाद बढ़ने के बाद कैलाश विजयवर्गीय ने वीडियो संदेश जारी कर अपना पक्ष रखा। उन्होंने कहा कि पार्षद को उन्होंने बचपन में गोद में खिलाया है और वह उन्हें अपनी बेटी जैसी लगती हैं। विजयवर्गीय ने कहा, "न उनके मन में कुछ है, न मेरे मन में कुछ है।"
उन्होंने आगे कहा कि उनकी टिप्पणी को जिस तरह से मीडिया में जगह मिली, उससे उन्हें दुख हुआ है। विजयवर्गीय ने यह भी कहा कि इस पूरे मामले से उनकी बेटी भी दुखी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनका उद्देश्य महिला को पार्षद को किसी तरह से आहत करना नहीं था।
कैलाश विजयवर्गीय ने पूरे विवाद पर आखिर में खेद प्रकट करते हुए कहा कि उनके शब्दों को गलत तरीके से लिया गया। वहीं संध्या यादव ने विजयवर्गीय को पिता तुल्य बताते हुए कहा कि दोनों के बीच पिता-पुत्री जैसा रिश्ता है।उन्होंने कहा कि विजयवर्गीय ने उन्हें बचपन में गोद में खिलाया है। पार्षद ने लोगों से वायरल टिप्पणी को लेकर चल रही भ्रामक खबरों पर ध्यान नहीं देने की अपील की।