सारंगपुर। मध्य प्रदेश के सारंगपुर में आईपीएल सट्टेबाजी के खिलाफ पुलिस ने शनिवार देर रात बड़ी कार्रवाई की। पुलिस ने ऑनलाइन बेटिंग नेटवर्क का खुलासा किया है। इस ऑपरेशन में दो सगे भाइयों सहित चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस को आरोपियों के मोबाइल फोन से ऑनलाइन सट्टे से जुड़े यूजर नेम, पासवर्ड और लाखों रुपए के लेनदेन के डिजिटल रिकॉर्ड मिले हैं। मामले में 20 लाख रुपए से अधिक के ट्रांजैक्शन सामने आने की बात कही जा रही है।
पुलिस के अनुसार, इस पूरे नेटवर्क पर पिछले एक सप्ताह से गुप्त निगरानी रखी जा रही थी। यह कार्रवाई थाना प्रभारी राहुल रघुवंशी के नेतृत्व में की गई। जबकि, साइबर एक्सपर्ट एसआई जितेंद्र अजनारे ने तकनीकी जांच और प्लानिंग में अहम भूमिका निभाई। नेटवर्क की पुष्टि करने के लिए पुलिस ने एक मुखबिर को सट्टे की आईडी खरीदने भेजा था। इसी सूचना के आधार पर पुलिस ने कार्रवाई शुरू की।
सबसे पहले पुलिस ने रेहान नाम के युवक को हिरासत में लिया। शुरुआती जांच में उसके पास से कोई ठोस सबूत नहीं मिला लेकिन उसका मोबाइल फोन जब्त कर फॉरेंसिक जांच के लिए भेज दिया गया है। इसके बाद पुलिस ने भ्याना निवासी संजय राठौर और डिगवाड़ निवासी दीपक भिलाला को पकड़ा। दोनों के मोबाइल फोन की जांच में ऑनलाइन सट्टेबाजी से जुड़े कई लेनदेन रिकॉर्ड सामने आए।
आरोपियों से पूछताछ के बाद पुलिस मुख्य सटोरियों तक पहुंची। जांच में छोटा चौक वार्ड-4 निवासी जितेंद्र उर्फ जीतू चौहान और उसके भाई निलेश उर्फ रिंकू चौहान का नाम सामने आया। पुलिस ने दोनों भाइयों को गिरफ्तार कर लिया। जांच एजेंसियों के मुताबिक, दोनों आरोपी लोगों को आईपीएल सट्टा खेलने के लिए प्रेरित करते थे और यूजर नेम व पासवर्ड उपलब्ध कराकर पूरा नेटवर्क संचालित कर रहे थे।
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने तीन मोबाइल फोन, एक लाख रुपए नकद और अन्य सामग्री समेत कुल 3 लाख 15 हजार रुपए का सामान जब्त किया है। वहीं, मोबाइल डेटा और डिजिटल रिकॉर्ड की जांच में 20 लाख रुपए से अधिक के सट्टे के हिसाब किताब के सबूत मिलने की बात सामने आई है। पुलिस अब नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और पैसों के स्रोत की भी जांच कर रही है।