तेहरान। अमेरिका-इजरायल संग जंग के बीच ईरान ने घातक कदम उठाया है। ईरान ने वही किया है, जिसका डर पूरी दुनिया को सता रहा था। ईरान ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को बंद करने का ऐलान कर दिया है। ईरान ने अब चेताते हुए सोमवार को कहा कि होर्मुज स्ट्रेट (स्ट्रेट ऑफ होर्मुज) बंद है और वहां से गुजरने की कोशिश करने वाले किसी भी जहाज को नहीं छोड़ा जाएगा।
IRGC के एक अधिकारी ने सरकारी टीवी पर कहा कि अगर कोई जहाज इस रास्ते से गुजरने की कोशिश करेगा, तो उसे रोका जाएगा और निशाना बनाया जा सकता है। भारत का करीब 50 फीसदी तेल स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के रास्ते से आता है।
यह समुद्री रास्ता बहुत अहम है क्योंकि दुनिया का लगभग 20% तेल इसी रास्ते से गुजरता है। वैश्विक अनिश्चितता के बीच अंतरराष्ट्रीय मार्केट में तेल की कीमतों में तेजी आई है और कच्चा तेल लगभग 80 डॉलर प्रति बैरल के करीब पहुंच गया। अगर हालात बिगड़े, तो कीमत 100 डॉलर तक जा सकती है।
दूसरी ओर, फॉक्स न्यूज की रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिकी सेंट्रल कमांड का कहना है कि ईरानी अधिकारियों के बयानों के बावजूद होर्मुज स्ट्रेट बंद नहीं है। ईरान में अब तक 742 लोगों की मौत हो चुकी है, इनमें 176 बच्चे हैं। 750 से ज्यादा लोग घायल हुए हैं।
जंग के बीच अमेरिका के उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने कहा कि राष्ट्रपति ट्रम्प अमेरिका को लंबे समय तक चलने वाले युद्ध में नहीं फंसने देंगे। वेंस के मुताबिक, ईरान पर ट्रम्प का हमला अलग है क्योंकि इसका मकसद यह तय करना कि ईरान के पास परमाणु हथियार नहीं होने चाहिए।