शिवपुरी। मध्य प्रदेश के शिवपुरी जिले में नकली मावा फैक्टी का भंडाफोड़ हुआ है। यहां मिलावटखोर रिफाइंड ऑयल, डिटर्जेंट और अन्य रसायनों की मदद से नकली मावा तैयार कर बाजार में बेच रहे थे। इस मिलावटी मावे का इस्तेमाल मिठाइयों में किया जा रहा था, जिससे लोगों की सेहत को गंभीर खतरा पैदा हो सकता था।

जानकारी के मुताबिक, बैराड़ कस्बे के कालामढ़ में तहसीलदार आवास के पीछे नकली दूध, मावा और पनीर बनाने की अवैध फैक्ट्री चल रही थी। यह नकली मावा बेहद सस्ते कच्चे माल से तैयार किया जा रहा था। इसमें असली दूध की जगह रिफाइंड ऑयल और डिटर्जेंट जैसे रसायनों को मिलाकर ऐसा मिश्रण बनाया जाता था, जो दिखने में मावे जैसा लगे। इसके बाद इसे मिठाई दुकानों तक सप्लाई किया जाता था।

मिलावटखोर कम लागत में ज्यादा मुनाफा कमाने के लिए इस तरह का नकली मावा तैयार कर रहे थे। यह मावा आम लोगों को असली बताकर बेचा जा रहा था, जबकि इसमें इस्तेमाल किए गए रसायन स्वास्थ्य के लिए बेहद हानिकारक माने जाते हैं। एक्केसपर्ट्स  मुताबिक ऐसे मिलावटी खाद्य पदार्थ पेट, लीवर और अन्य अंगों पर गंभीर असर डाल सकते हैं।

इसका खुलासा शनिवार की दोपहर तब हुआ, जब फैक्ट्री में विस्फोट हो गया। धमाके की आवाज सुनकर और धुंआ उठता देखकर तहसीलदार दृगपाल सिंह बैस ने दमकल भिजवा दी। स्टाफ के साथ खुद भी मौके पर पहुंचे। बिना अनुमति व लाइसेंस के किराए के मकान में चल रही इस फैक्ट्री में नकली मावा, पनीर, घी व दूध बनाया जा रहा था। मौके से एक क्विंटल फफूंद लगा सड़ा खोआ, 50 किलो तैयार मावा, 1 क्विंटल सिंथेटिक दूध, 15 किलो घी, रिफाइंड तेल और डिटर्जेंट पाउडर सहित अन्य सामग्री बरामद की गई है। प्लांट को सील कर दिया गया है।