भोपाल। राजधानी भोपाल के रातीबड़ थाना क्षेत्र में एक 37 वर्षीय शेफ का शव कलियासोत डेम के पास पेड़ से फंदे पर लटका मिला। मृतक की पहचान नीलबड़ स्थित बृजधाम कॉलोनी निवासी रामश्रवण पटेल के रूप में हुई है। वह कोलार रोड स्थित एक बंगले में शेफ का काम करते थे। मौके से उनकी बाइक और जेब से एक सुसाइड नोट बरामद हुआ है। पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
पुलिस के अनुसार, रामश्रवण मंगलवार दोपहर घर से काम पर जाने की बात कहकर निकले थे लेकिन देर रात तक घर नहीं लौटे। इसके बाद कलियासोत डेम के तेरा शटर क्षेत्र में उनका शव पेड़ से लटका मिला। सुसाइड नोट में लिखे मोबाइल नंबर के आधार पर पुलिस ने परिजनों को घटना की सूचना दी।
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि मृतक आर्थिक और मानसिक तनाव से गुजर रहे थे। सुसाइड नोट में उन्होंने लिखा है कि मकान निर्माण के लिए उन्होंने बृज पटेल नामक व्यक्ति से 3.70 लाख रुपये उधार लिए थे। उनका दावा था कि मूल रकम पूरी तरह चुका देने के बावजूद उनसे प्रतिदिन 10 हजार रुपये ब्याज की मांग की जा रही थी। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि एक निजी फाइनेंस कंपनी के रिकवरी एजेंट लगातार उन पर कर्ज चुकाने का दबाव बना रहे थे। जिसकी वजह से वे बेहद परेशान थे।
यह भी पढ़ें:जम्मू-कश्मीर के अनंतनाग में पुलिस दल पर आतंकी हमला, गोलीबारी में हेड कॉन्स्टेबल शहीद
मृतक के भाई अरुण पटेल ने बताया कि रामश्रवण ने कर्ज चुकाने के लिए परिवार के गहने तक गिरवी रख दिए थे लेकिन इसके बाद भी तकादेदार उनका पीछा नहीं छोड़ रहे थे। परिवार का कहना है कि पिछले कुछ दिनों से वह गहरे मानसिक तनाव में थे। परिजनों ने यह भी आरोप लगाया कि तीन दिन पहले उन्हें चुनाभट्टी थाने बुलाकर घंटों बैठाया गया और कर्ज चुकाने का दबाव बनाया गया। हालांकि, पुलिस ने इस आरोप से इनकार करते हुए कहा है कि ऐसी कोई जानकारी उनके संज्ञान में नहीं है।
रातीबड़ थाना प्रभारी रास बिहारी शर्मा ने बताया कि परिजनों के अनुसार, चार दिन पहले भी रामश्रवण ने जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या करने की कोशिश की थी लेकिन समय रहते उनकी जान बच गई थी। इस घटना के बाद भी उनकी मानसिक स्थिति सामान्य नहीं हो पाई थी। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया है। अब सुसाइड नोट की हैंडराइटिंग की जांच कराई जाएगी। इसके अलावा मोबाइल कॉल डिटेल, बैंक और वित्तीय लेन-देन की पड़ताल की जाएगी।
यह भी पढ़ें:पूर्व क्रिकेटर राजेश चौहान पर 17.52 लाख की ठगी का आरोप, नवीन जिंदल से पहचान बताकर ठेकेदार को ठगा
सुसाइड नोट में जिन लोगों के नाम लिखे गए हैं उनसे भी पूछताछ होगी। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि कर्ज वसूली के नाम पर किसी तरह की अवैध वसूली या प्रताड़ना तो नहीं की गई। थाना प्रभारी रास बिहारी शर्मा ने कहा कि जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे उनके आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।