नई दिल्ली/भोपाल। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव पर जमीन से जुड़े आरोपों को लेकर कांग्रेस ने बीजेपी पर हमला बोला है। राजधानी दिल्ली में बुधवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने कहा कि मध्य प्रदेश में लूट मची है। जो काम मोहन यादव और उनके परिवार ने किया है, उसे शेयर मार्केट की भाषा में इसको ‘इनसाइडर ट्रेडिंग’ कहते हैं।
सीएम मोहन यादव पर लगे आरोपों पर कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने कहा, "मुख्यमंत्री बनने से पहले ही आपके परिवार ने सैकड़ों एकड़ जमीन खरीद ली थी। आप दिसंबर 2023 में मुख्यमंत्री बने; तारीख 13 दिसंबर थी। उससे पहले और उसके बाद खरीदी गई जमीन को देखकर ऐसा लगता है कि यह सब परिवार के फायदे के लिए किया जा रहा है, जमीन के सौदे हो रहे हैं और लूट मची है।"
पवन खेड़ा ने कहा कि मुख्यमंत्री बनने के बाद, उनके परिवार ने उस इलाके में 168 एकड़ में से 111 एकड़ जमीन खरीदी, जहां महाकुंभ होने वाला है। यह जानकारी उन्हें पहले से ही थी। स्टॉक मार्केट की भाषा में इसे 'इनसाइडर ट्रेडिंग' कहते हैं। यह इनसाइडर ट्रेडिंग है क्योंकि आपके पास पहले से जानकारी थी। आप लगातार अपनी जमीन की होल्डिंग बढ़ा रहे हैं और अपना जमीन का बैंक बना रहे हैं।
वहीं, मध्य प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष जीतू पटवारी ने कहा कि अगर भारतीय जनता पार्टी 30 घंटे के अंदर इस पर कोई प्रतिक्रिया नहीं देती है, तो इसका मतलब है कि बीजेपी यह कहना चाहती है कि जो रिपोर्ट सामने आई है, वह झूठी है। ऐसे में उन्हें उस मीडिया हाउस के खिलाफ एफआईआर दर्ज करानी चाहिए, जिसने यह रिपोर्ट सार्वजनिक की है। जब देशभर में मीडिया में ऐसी चर्चाएं हो रही हों और मध्य प्रदेश में सोशल मीडिया पर इसकी बाढ़ आ गई हो, तब अगर आप देश और राज्य को जवाब नहीं देते हैं, तो सवाल उठना स्वाभाविक है।
कांग्रेस के पांच सवाल
1. क्या मोहन यादव के CM बनने के बाद परिवार ने जमीन खरीदी?
2)क्या ये सच है कि जमीन का बड़ा हिस्सा वहां है, जहां विकास परियोजनाएं बाद में आईं?
3)क्या सरकार उन सभी प्रोजेक्ट्स की टाइमलाइन सार्वजनिक करेगी?
4)अगर सब कुछ पारदर्शी है तो क्या BJP स्वतंत्र न्यायिक जांच कराएगी?
5)क्या मुख्यमंत्री अपने परिवार द्वारा 2023 के बाद खरीदी गई जमीन पर श्वेत पत्र जारी करेंगे?