भोपाल। मध्य प्रदेश विधानसभा में मानसून सत्र के पहले ही दिन सोमवार को मध्य प्रदेश सरकार ने समान नागरिक संहिता विधेयक (UCC) 2026 पेश कर दिया है। मंत्री गौतम टेटवाल ने जब विधानसभा के पटल पर यह बिल रखा तो विपक्षी दल की ओर से जमकर हंगामा किया गया। इस दौरान स्पीकर नरेंद्र सिंह तोमर ने कहा कि इस पर कल चर्चा कराई जाएगी। इसके बाद आगे की कार्यवाही होगी।

यूसीसी के अलावा सदन में 13 बिल (कुल 14) पेश किए गए। इनमें धन्वंतरि विश्वविद्यालय विधेयक, अग्निशमक विधेयक, ईंज ऑफ डूइंग बिजनेस विधेयक और उपकर संशोधन विधेयक भी शामिल हैं। सदन में कांग्रेस ने सभी विधेयक पेश करने का विरोध किया। विपक्ष ने कहा कि यह कार्यसूची में नहीं था और फिर, बिलों को पेश करने की अनुमति कब दी गई।

उधर, सदन में उज्जैन जमीन खरीदी मामले पर चर्चा को लेकर विपक्ष और सत्ता पक्ष के विधायकों का शोर-शराबा जारी रहा। इसके चलते विधानसभा की कार्यवाही दो बार स्थगित की गई। इससे पहले कांग्रेस विधायक, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान और कृषि मंत्री एदल सिंह कंसाना के मुखौटे लगाकर पहुंचे। 

इस दौरान नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने कहा कि केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान और सीएम मोहन यादव फाइल-फाइल खेल रहे हैं। किसानों की किसी को चिंता नहीं है। मध्य प्रदेश में समय पर न खाद मिल रही है, न बीज मिल रहा है। इस दौरान जोबट से कांग्रेस विधायक सेना पटेल ने कहा कि सरकार उज्जैन के मुद्दे पर चर्चा नहीं करना चाहती है इसलिए UCC विधेयक सदन में लेकर आए हैं।