मध्य प्रदेश में पिछले एक सप्ताह से मौसम लगातार करवट बदल रहा है। वेस्टर्न डिस्टर्बेंस, साइक्लोनिक सर्कुलेशन और ट्रफ लाइन के असर से प्रदेश के कई हिस्सों में आंधी और बारिश का दौर जारी है। मौसम विभाग ने गुरुवार के लिए ग्वालियर समेत 11 जिलों में तेज आंधी और बारिश का अलर्ट जारी किया है। वहीं, दूसरी ओर प्रदेश के अधिकांश जिलों में गर्मी भी तेज बनी हुई है और कई शहरों का तापमान 43 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने की संभावना जताई गई है।
मौसम विभाग के अनुसार, ग्वालियर, मुरैना, भिंड, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, रीवा और मऊगंज जिलों में मौसम बिगड़ सकता है। इन इलाकों में तेज हवाओं के साथ बारिश होने के आसार हैं। विभाग का कहना है कि सक्रिय वेस्टर्न डिस्टर्बेंस की वजह से प्रदेश में फिलहाल अस्थिर मौसम की स्थिति बनी हुई है।
हालांकि, बारिश और बादलों के बावजूद प्रदेश के 44 जिलों में गर्मी का असर बना रहेगा। भोपाल, इंदौर, उज्जैन और जबलपुर सहित कई शहरों में तापमान तेजी से बढ़ने का अनुमान है। निवाड़ी, छतरपुर, टीकमगढ़, नर्मदापुरम, रतलाम, नीमच और मंदसौर में पारे में ज्यादा बढ़ोतरी दर्ज की जा सकती है।
मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि अगले चार दिनों तक प्रदेश में मौसम इसी तरह उतार-चढ़ाव वाला बना रहेगा। अगले दो दिन कुछ जिलों में आंधी और हल्की बारिश देखने को मिल सकती है लेकिन 9 और 10 मई को गर्मी फिर जोर पकड़ सकती है। विभाग के अनुसार, 10 मई से एक नया मौसम तंत्र सक्रिय होगा जिसका प्रभाव उसके बाद के दिनों में दिखाई देगा।
बुधवार को प्रदेश में लगातार सातवें दिन भी कई जिलों में बारिश और तेज हवाओं का असर देखा गया था। धार सहित कई क्षेत्रों में मौसम बदला रहा था। मई की शुरुआत में लगातार कई दिनों तक हुई बारिश के कारण लोगों को भीषण गर्मी से कुछ राहत मिली है। अधिकांश शहरों में दिन का तापमान फिलहाल 40 डिग्री सेल्सियस से नीचे बना हुआ है।
मौसम विभाग के मुताबिक, वर्तमान में प्रदेश के मध्य हिस्से में एक चक्रवाती परिसंचरण सक्रिय है। जबकि, दूसरा सिस्टम ऊपरी क्षेत्रों में बना हुआ है। इसके अलावा एक ट्रफ लाइन पूर्वी मध्य प्रदेश से गुजर रही है। इन्हीं मौसम प्रणालियों की वजह से प्रदेश में आंधी, बारिश और गर्मी का मिला-जुला असर देखने को मिल रहा है।