म्यूरभंज। ओडिशा के मयूरभंज जिले में रविवार को आए तेज नॉरवेस्टर तूफान और बवंडर ने भारी तबाही मचा दी। अचानक आए इस प्रचंड तूफान की चपेट में आने से दो लोगों की मौत हो गई। जबकि, पांच लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। साथ ही करीब 40 अन्य लोगों को भी चोटें आई हैं। तेज हवाओं और बवंडर जैसे हालात के कारण जिले के कई गांवों में बड़े पैमाने पर नुकसान हुआ है और 200 से अधिक घर क्षतिग्रस्त हो गए। कई पेड़ और बिजली के खंभे उखड़ने से जनजीवन भी बुरी तरह प्रभावित हुआ है।

जानकारी के अनुसार, रविवार दोपहर से शाम के बीच मौसम अचानक बदल गया और कुछ ही मिनटों में तेज हवाएं, गर्जना और धूल भरी आंधी के साथ बवंडर ने इलाके में कहर बरपाना शुरू कर दिया। तेज हवाओं की रफ्तार इतनी अधिक थी कि कच्चे घरों की छतें उड़ गई और कई पक्के मकानों की दीवारों में दरारें पड़ गई। कई जगहों पर पेड़ और बिजली के खंभे गिरने से सड़कों पर यातायात बाधित हो गया और कुछ इलाकों में बिजली आपूर्ति भी ठप हो गई।

यह भी पढ़ें:छत्तीसगढ़ में 12वीं हिंदी बोर्ड परीक्षा का पेपर हुआ लीक, NSUI ने मंडल कार्यालय घेरने का किया ऐलान

अधिकारियों के अनुसार, यह बवंडर जब नेशनल हाईवे 220 के पास पहुंचा तब इसकी चपेट में आने से पी. नाइक (54) और मालती महंता (45) की मौत हो गई। वहीं, पांच गंभीर घायलों को तुरंत क्योंझर मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इसके अलावा लगभग 40 अन्य लोगों को भी चोटें आई हैं। कई घायलों को नजदीकी स्वास्थ्य केंद्रों और जिला अस्पतालों में इलाज के लिए भर्ती कराया गया है। जबकि, कुछ गंभीर मामलों को उच्च चिकित्सा संस्थानों में रेफर किया गया है।

प्रारंभिक रिपोर्ट के मुताबिक, इस तूफान से जिले के करीब 12 गांवों में व्यापक नुकसान हुआ है। सबसे ज्यादा असर किआ और कंकड़ा गांव में देखा गया। यहां कई कच्चे और फूस के मकानों की छतें उड़ गई। इसके अलावा दुमुरिया, पिचुकी, बड़गांव, बतापलासा, सालारपाड़ा, कुंजिया, पुरुनापानी और मेंधासिंगा जैसे गांव भी प्रभावित हुए हैं। स्थानीय लोगों के अनुसार, हवा की ताकत इतनी ज्यादा थी कि एक ऑटो रिक्शा और एक स्कूटर तक हवा में उछलकर पास के पानी से भरे गड्ढे में जा गिरे।

यह भी पढ़ें:कटक के SCB मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भीषण आग, 10 मरीजों की मौत और 11 झुलसे

घटना की सूचना मिलते ही जिला प्रशासन, पुलिस, अग्निशमन विभाग और आपदा प्रबंधन की टीमें तुरंत प्रभावित क्षेत्रों की ओर रवाना हो गई। प्रशासन ने राहत और बचाव कार्य शुरू कर दिया है तथा क्षति का विस्तृत आकलन किया जा रहा है। अधिकारियों ने बताया कि प्रभावित परिवारों को जल्द राहत उपलब्ध कराई जाएगी और मृतकों के परिजनों को सरकार की ओर से चार लाख रुपये का मुआवजा दिया जाएगा।

इस बीच भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने खराब मौसम की संभावना को देखते हुए सोमवार के लिए मयूरभंज जिले में ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। विभाग ने चेतावनी दी है कि जिले में गरज चमक के साथ बारिश, ओलावृष्टि और तेज हवाएं चल सकती हैं। वहीं, सुंदरगढ़, क्योंझर, बालासोर और भद्रक जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है।

यह भी पढ़ें:BCCI अवॉर्ड्स: गिल और मंधाना क्रिकेटर ऑफ द ईयर, द्रविड़ को लाइफटाइम अचीवमेंट अवार्ड