मिडिल ईस्‍ट में पिछले करीब 40 दिन से चल रही जंग के रुकने की खबर से मार्केट में हरियाली दिख रही है। सीजफायर के ऐलान के बाद बुधवार 8 अप्रैल को शेयर बाजार में जबरदस्त तेजी है। सेंसेक्स 3000 अंक यानी 3.95 फीसदी चढ़कर 77,600 पर कारोबार कर रहा है। निफ्टी भी 9000 अंक यानी 3.80 फीसदी ऊपर है, ये 24,000 पर पहुंच गया है।

बुधवार के कारोबार में ऑटो, रियल्टी और बैंकिंग शेयरों में ज्यादा खरीदारी देखने को मिल रही है। निफ्टी का ऑटो और रियल्टी इंडेक्स करीब 5 फीसदी ऊपर है। सरकारी बैंकों के इंडेक्स और मेटल इंडेक्स में भी 3 फीसदी से ज्यादा तेजी है। FMCG और ऑयल एंड गैस इंडेक्स 2 फीसदी से ज्यादा ऊपर कारोबार कर रहे हैं।

इस बीच भारतीय रुपये में भी मजबूती देखी जा रही है। शुरुआती कारोबार में रुपया, डॉलर के मुकाबले 50 पैसे चढ़कर 92.56 पर कारोबार करता दिखा। अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्‍चे तेल की कीमतों में भी 6 फीसदी की गिरावट देखी गई और मार्केट में इसपर लोअर सर्किट लग गया। इससे पहले ईरान और अमेरिका के बीच हुए सीजफायर के ऐलान से ग्‍लोबल मार्केट से अच्‍छे संकेत मिले। बुधवार को गिफ्ट निफ्टी में भी शानदार तेजी देखने को मिली और ये करीब 8 बजे 3 फीसदी या 700 से ज्‍यादा अंकों के उछाल के साथ ट्रेड करता दिखा।

होर्मूज स्‍ट्रेट खुलने की खबर से कच्‍चे तेल की कीमतों में भी 13 फीसदी की बड़ी गिरावट देखी गई है। ब्रेंट क्रूड करीब 95 डॉलर/बैरल, जबकि WTI क्रूड ऑयल 97.32 डॉलर/ बैरल पर आ गया है। आज RBI मॉनिटरी पॉलिसी की मीटिंग के फैसलों का भी ऐलान किया गया है। उम्‍मीद के अनुसार ही रेपो रेट में कोई बढ़ोतरी नहीं की गई है। इसे भी बाजार सकारात्‍मक रूप से ले रहा है।

एशियाई बाजार की बात करें तो साउथ कोरिया का कोस्पी इंडेक्स 6.35% चढ़कर 5,843 पर पहुंच गया है। जापान का निक्केई 5.12%% चढ़कर56,166 पर ट्रेड कर रहा है। हॉन्गकॉन्ग का हैंगसेंग इंडेक्स 2.85% चढ़कर 25,832 पर है। चीन का शंघाई कंपोजिट 1.92% बढ़कर 3,964 पर पहुंच गया है।

बता दें कि अमेरिका और ईरान के बीच 40 दिन से जारी जंग पर 2 हफ्ते के लिए ब्रेक लग गया है। दोनों देशों ने पाकिस्तान-चीन की मध्यस्थता के बाद इस सीजफायर पर सहमति जताई है। समझौते के तहत अमेरिका, इजराइल और ईरान एक-दूसरे पर हमले रोकेंगे, साथ ही ईरानी सेना की मदद से होर्मुज स्ट्रेट से जहाजों की सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित की जाएगी।इससे पहले अमेरिकी राष्ट्रपति ने ईरान को तबाह करने की चेतावनी दी थी। उन्होंने कहा था कि अगर होर्मुज स्ट्रेट से रास्ता नहीं मिला तो वह ईरान की पूरी सभ्यता खत्म कर देंगे।