जहांगीरपुरी हिंसा के बाद एक्शन में आई दिल्ली पुलिस, 14 लोगों को किया गिरफ्तर

दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच और स्पेशल सेल की टीमें मामले की जांच में जुटी हैं, इलाके में भारी पुलिस बल के साथ ही पैरामिलिट्री फोर्स के जवानों को भी तैनात किया गया है, पुलिस कमिश्नर राकेश अस्थाना ने कहा है की अफवाहों से बचें

Updated: Apr 17, 2022, 11:04 AM IST

जहांगीरपुरी हिंसा के बाद एक्शन में आई दिल्ली पुलिस, 14 लोगों को किया गिरफ्तर

नई दिल्ली। नॉर्थ-वेस्ट दिल्ली के जहांगीरपुरी इलाके में 16 अप्रैल की शाम हनुमान जयंती के अवसर हुई हिंसा मामले में दिल्ली पुलिस एक्शन में आ गई है। पुलिस ने अबतक 14 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।जहांगीरपुरी तथा अन्य संवेदनशील क्षेत्रों में अतिरिक्त पुलिस बल के साथ पैरामिलिट्री फोर्सेज को तैनात किया गया है। गृहमंत्री अमित शाह ने अधिकारियों से बात कर हिंसा करने वालों के खिलाफ सख्‍ती के निर्देश दिए हैं। घटना की जांच स्पेशल सेल से करवाने की बात कही गयी है।

दिल्ली पुलिस के पीआरओ अन्येश रॉय ने बताया कि स्थिति अब नियंत्रण में है, जहांगीरपुरी समेत दिल्ली के अन्य संवेदनशील क्षेत्रों में सुरक्षाबल तैनात किए गए हैं। दिल्ली पुलिस ने इस घटना के संबंध में अब तक 14 संदिग्धों को हिरासत में लिया है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने दिल्ली के पुलिस कमिश्नर राकेश अस्थाना से बात की और हालात को नियंत्रण में करने के निर्देश दिए।

जहांगीरपुरी हिंसा पर दिल्ली पुलिस कमिश्नर राकेश अस्थाना ने कहा है कि कानून व्यवस्था बिगाड़ने की कोशिश करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। हिंसा को अंजाम देने वाले उपद्रवियों को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने कहा की सीनियर अफसरों को मुस्तैद रहने और हालात पर नजर रखने के लिए कहा गया है। जहांगीरपुरी में अब स्थिति नियंत्रण में है। हिंसा की जांच के लिए 10 टीमें बनाई गई हैं।

जहांगीरपुर में बीच चौराहे पर पुलिस कैम्प लगाकर बैठी हुई है। यहां सीआरपीएफ के जवान भी तैनात नजर आ रहे हैं। सड़क पर अब भी पत्थर और कांच के टुकड़े बिखरे पड़े दिख रहे हैं। स्थानीय लोगों ने बताया कि अब स्थिति नियंत्रण में है। बता दें कि जहांगीरपुरी में शनिवार को हनुमान जयंती पर निकाली गई शोभायात्रा में पथराव के बाद दो समुदायों में हिंसा भड़क गई, जिसमें कई पुलिसकर्मी घायल हो गए। हिंसा के दौरान कुछ वाहनों में आग भी लगा दी गई। इस हिंसा में 8 पुलिसकर्मी समेत 9 लोग घायल हुए।

इस हिंसा की निंदा करते हुए दिल्ली के उपराज्यपाल अनिल बैजल ने कहा है कि इस घटना के पीछे के जिम्मेदार लोगों को बख्शा नहीं जाएगा। अरविंद केजरीवाल ने कहा है कि यह घटना बेहद निंदनीय है और सभी से शांति बनाए रखने की अपील की। केजरीवाल ने कहा कि उपराज्यपाल ने उन्हें आश्वासन दिया है कि शांति सुनिश्चित करने के लिए सभी कदम उठाए जा रहे हैं। 

बता दें कि इससे पहले फरवरी 2020 में नागरिकता संशोधन कानून (CAA) के समर्थकों और विरोधियों के बीच हिंसा के बाद उत्तर-पूर्वी दिल्ली में हुई सांप्रदायिक झड़पों में कम से कम 53 लोगों की मौत हो गई थी और करीब 700 लोग घायल हुए थे।