Subramanian Swamy: राम मंदिर निर्माण में PM Modi का योगदान नहीं ​

Shri Ram Mandir: अयोध्या के राम मंदिर निर्माण में पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी, पीवी नरसिम्हा राव और विहिप के अशोक सिंघल का योगदान

Updated: Aug-02, 2020, 05:45 PM IST

Subramanian Swamy: राम मंदिर निर्माण में PM Modi का योगदान नहीं ​
courtsey : Outloook India

​​​​​नई दिल्ली। उत्तरप्रदेश की अयोध्या में 5 अगस्त को होने वाले राम मंदिर भूमि पूजन से पहले बीजेपी के कद्दावर नेता सुब्रमण्यम स्वामी ने बड़ा बयान दिया है। स्वामी ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का राम मंदिर निर्माण में कोई योगदान नहीं है। राज्यसभा सांसद ने यह भी खुलासा किया है कि पूर्व प्रधानमंत्री दिवंगत अटल बिहारी वाजपेयी ने राम मंदिर निर्माण में अड़ंगा डाला था। उन्होंने राम मंदिर निर्माण के दिशा में कार्य करने वाले लोगों में पूर्व प्रधानमंत्री दिवंगत राजीव गांधी, पीवी नरसिम्हा राव और अशोक सिंघल का नाम लिया है। उन्होंने साफ तौर से इन तीनों नेताओं को राम मंदिर निर्माण का श्रेय दिया है। 

दरअसल, शनिवार (1 अगस्त) को स्वामी राजधानी दिल्ली के हिंदी न्यूज़ चैनल टीवी 9 उत्तर प्रदेश से बात कर रहे थे। इस दौरान एंकर ने स्वामी से पूछा कि राम मंदिर भूमि पूजन में और किन-किन लोगों को बुलाया जाना चाहिए था, जिन्हें नहीं बुलाया गया है। इसके जवाब में स्वामी ने अपने चित-परिचित अंदाज में कहा, 'राम मंदिर निर्माण में पीएम मोदी का कोई योगदान नहीं है। सारी बहस हमने की है। जहां तक मैं जानता हूं सरकार की तरफ से मोदी ने ऐसा कोई काम नहीं किया है, जिसके बारे में कहा जा सके कि उसकी वजह से निर्णय आया है।'

मंदिर निर्माण में वाजपेयी ने डाली थी अड़ंगा

देशभर में अपनी बेबाकी के लिए मशहूर स्वामी ने इस दौरान खुलासा किया कि बीजेपी नेता व पूर्व प्रधानमंत्री दिवंगत अटल बिहारी वाजपेयी ने मंदिर निर्माण में अड़ंगा डाली थी। उन्होंने कहा, 'जिन लोगों ने काम किया उसमें राजीव गांधी, पीवी नरसिम्हा राव और अशोक सिंघल का नाम शामिल है। वाजपेयी ने तो इसमें अड़ंगा डाली थी। अशोक सिंघल ने खुद मुझे यह बात बताई थी।' 

राम सेतु की फ़ाइल पर मोदी ने 5 वर्षों से नहीं किए हस्ताक्षर

बातचीत के दौरान स्वामी ने यह भी खुलासा किया है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राम सेतु की फ़ाइल पर विगत पांच वर्षों से हस्ताक्षर तक नहीं किए हैं। उन्होंने कहा, 'राम सेतु को राष्ट्रीय धरोहर घोषित करने के लिए पीएम मोदी के टेबल पर पांच वर्षों से फ़ाइल पड़ी हुई है लेकिन अबतक उन्होंने हस्ताक्षर नहीं किए हैं। मैं कल कोर्ट में जाकर आदेश दिलवा सकता हूं लेकिन मुझे बुरा लगता है कि अपनी पार्टी की सरकार होते हुए मुझे कोर्ट जाना होता है।'

 


 

 

स्वामी के बेबाक टिप्पणी का मैं प्रशंसक : दिग्विजय सिंह

स्वामी का यह इंटरव्यू सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। इस बातचीत की वीडियो को शेयर करते हुए मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने कहा है कि वे सुब्रमण्यम स्वामी की विचारधारा से सहमत तो नहीं हैं लेकिन उनकी बेबाक टिप्पणियों करने के अंदाज के प्रशंसक हैं।

कांग्रेस नेता व मशहूर क्रिकेटर कीर्ति आजाद ने भी पीएम मोदी पर तंज कसा है। आजाद ने ट्वीट कर कहा, 'जो पहुंच गए हैं मंजिल पर, उनको तो नहीं है शान ए सफर, दो कदम अभी जो चले नहीं, रफ्तार की बातें करते हैं। जिनका कोई योगदान नहीं, आ गए झूठा पत्तल चाटने। घोर कलयुग।'