Shivraj Cabinet : बैठक का समय बदला फिर टला विभाग वितरण

Madhya Pradesh Cabinet Expansion : विभाग वितरण के पेंच अभी सुलझे नहीं, कैबिनेट बैठक 9 जुलाई की सुबह नहीं शाम 5 बजे

Publish: Jul-09, 2020, 01:27 AM IST

Shivraj Cabinet : बैठक का समय बदला फिर टला विभाग वितरण

एमपी बीजेपी में मंत्रियों के कामकाज के बंटवारे में जोरआजमाइश खत्‍म होने का नाम नहीं ले रही है  मुख्‍यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने गुरुवार को सुबह अपने मंत्रिमंडल की बैठक बुला कर संकेत दिए थे कि वे बुधवार को मंत्रिमंडल के साथियों में विभागों का वितरण कर देंगे। मगर कैबिनेट बैठक का समय शाम को कर दिया गया है। इसका अर्थ है कि विभाग वितरण के पेंच अभी सुलझे नहीं हैं।

शिवराज कैबिनेट का विस्‍तार 2 जुलाई को हुआ था मगर मुख्‍यमंत्री अब तक विभाग वितरण नहीं कर पाए हैं। बीजेपी में आए ज्‍योतिरादित्‍य सिंधिया अपने समर्थकों के लिए महत्‍वपूर्ण विभाग मांग रहे हैं मगर शिवराज इस मामले में समझौता करने को तैयार नहीं हैं। इसी पेंच को सुलझाने के लिए शिवराज दिल्‍ली भी गए और वहां उन्‍होंने वरिष्‍ठ नेताओं से कई दौर की बात की। दिल्‍ली यात्रा से भोपाल लौटे मुख्‍यमंत्री शिवराज सिंह ने कहा था कि अभी विभाग वितरण में वे और वर्कआउट करेंगे। सूत्रों के अनुसार भोपाल में शिवराज ने प्रदेश अध्‍यक्ष वीडी शर्मा और संगठन महामंत्री सुहास भगत से चर्चा कर विभाग वितरण पर विमर्श किया। उन्‍होंने सिंधिया खेमे को महत्‍वपूर्ण विभाग देने के बाद के असर पर मंथन किया है।

गौरतलब है कि मुख्‍यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने अपनी शपथ ग्रहण के 3 माह बाद कैबिनेट विस्‍तार किया तो इस देरी की एक वजह पार्टी में बढ़ती गुटबाजी और हर गुट को संतुष्‍ट करने की कवायद थी। मंत्रिमंडल विस्‍तार के बाद पता चला कि बीजेपी ने कांग्रेस छोड़कर आए ज्‍योतिरादित्‍य सिंधिया के आगे लगभग सरेंडर करते हुए सिंधिया समर्थकों को पूरी तवज्‍जो दी। यहां तक कि पहली बार चुने गए सिंधिया समर्थकों को मंत्री बनाया गया और बीजेपी के चार बार से विधायकों को नजरअंदाज किया गया।

लेकिन मुख्‍यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की मुसीबतें यहीं खत्‍म नहीं हुई हैं। सूत्र बताते हैं कि ज्‍योतिरादित्‍य सिंधिया तुलसी राम सिलावट को उप मुख्‍यमंत्री बनवाना चाहते हैं। दूसरी तरफ कांग्रेस सरकार गिराने में महत्‍वपूर्ण भूमिका निभाने वाले बीजेपी नेता और वर्तमान गृहमंत्री नरोत्‍तम मिश्रा भी उप मुख्‍यमंत्री बनना चाहते हैं। यह मुद्दा अभी सुलझा भी नहीं था कि सिंधिया ने अपने समर्थकों के लिए कांग्रेस सरकार के समय रहे विभाग तथा कुछ अन्‍य अहम् विभागों की मांग कर दी है। वे नगरीय प्रशासन, स्‍वास्‍थ्‍य, महिला एवं बाल विकास विभाग जैसे महत्‍वपूर्ण विभाग अपने समर्थकों को दिलवाना चाहते हैं।