मध्य प्रदेश के इस कलेक्टर ने स्वीकारी अपनी नाकामी, खुद का ही वेतन रोकने का दिया निर्देश

जबलपुर कलेक्टर ने खुद आदेश जारी कर अपनी एक महीने की सैलरी रोक दी है, उन्होंने खुद को यह सजा सीएम हेल्पलाइन के मामलों का निपटारा नहीं कर पाने के कारण दी है

Updated: Dec 30, 2021, 03:32 PM IST

मध्य प्रदेश के इस कलेक्टर ने स्वीकारी अपनी नाकामी, खुद का ही वेतन रोकने का दिया निर्देश

जबलपुर। मध्य प्रदेश के एक कलेक्टर इन दिनों खुद को सजा देने की वजह से सुर्खियों में है। प्रदेश के इस कलेक्टर ने न केवल अपनी नाकामी स्वीकारी है बल्कि सजा के तौर पर अपनी एक महीने की सैलरी रोकने का भी आदेश दे दिया। कलेक्टर ने इस बात की जानकारी अपने आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल्स से दी है।

खुद को सजा देने वाले ये कलेक्टर जबलपुर के कर्मवीर मिश्रा है। दरअसल, डीएम करमवीर शर्मा सोमवार को जिला पंचायत ऑफिस में मुख्यमंत्री हेल्पलाइन शिकायतों की विभागवार समीक्षा कर रहे थे। इस दौरान 100 से ज्यादा दिनों तक शिकायतें पेंडिंग रहने की जानकारी मिलने पर भड़क गए। उन्होंने तत्काल आदेश दिया कि इसके लिए जिम्मेदार अधिकारियों की वेतन रोकी जाए। चूंकि, जिला कलेक्टर की जिम्मेदारी सबसे बड़ी होती है इसलिए उन्होंने स्वयं की भी दिसंबर महीने की सैलरी रुकवा दी।

डीएम के अलावा इस मामले में कई अन्य अधिकारियों की वेतन रोकी गई है। रिपोर्ट्स के मुताबिक डीएम करमवीर शर्मा ने जिला ट्रेजरी अधिकारी को इस पर आदेश पर अमल का निर्देश दिया। समीक्षा बैठक के दौरान डीएम ने अधिकारियों को संवेदनशील बनने का निर्देश दिया। साथ ही उन्होंने तय समय के भीतर शिकायतों का निपटारा करने के लिए भी कहा। शर्मा ने 100 दिन से पेंडिंग शिकायतों के निपटारे के लिए 31 दिसंबर की समयसीमा तय की है। साथ ही चेतावनी दी है कि जबतक मामलों के निपटारे में तेजी नहीं आएगा वेतन रुकी रहेगी।

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शर्मा ने साफ-सफाई और हेल्पलाइन से संबंधी मामलों पर ठीक से ध्यान न देने के लिए डिप्टी म्यूनिसपल कमिश्नरों की सैलरी रोकने का आदेश दिया। इसके साथ ही उन्होंने कुछ तहसीलदारों के इन्क्रीमेंट भी रोकने के निर्देश दिए। इन तहसीलदारों के खिलाफ रेवेन्यू मामलों में लापरवाही बरतने की शिकायत है। वहीं प्रोजेक्ट इंप्लीमेंटेशन यूनिट के एग्जीक्यूटिव इंजीनियर का भी इंक्रीमेंट विभिन्न मामलों को सही ढंग से न डील करने पर रोकी गई है। साथ ही जिला विपणन अधिकारी को मीटिंग न अटेंड करने के चलते कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है।