Web Series Crime: इंदौर में पाकिस्तानी युवक की मदद से अश्लील फिल्मों की सप्लाई

Crime in MP: इंदौर में OTT platform पर अश्लील फिल्में प्रसारित करने वाले गिरोह के दो सदस्यों और गिरफ्तार, पाकिस्तानी युवक की मदद से चल रहा था फीनियो मूवीज

Updated: Aug 26, 2020 03:30 PM IST

Web Series Crime: इंदौर में पाकिस्तानी युवक की मदद से अश्लील फिल्मों की सप्लाई
Photo Courtesy: CPO Magazine

इंदौर। मध्य प्रदेश की साइबर सेल को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने ओटीटी प्लेटफार्म पर अश्लील फिल्में प्रसारित करने वाली फीनियो मूवीज के दो निदेशकों को गिरफ्तार कर लिया है। दोनों पर बेव सीरीज के नाम पर मॉडल का वीडियो अश्लील वेबसाइट पर प्रसारित करने का आरोप है। ये दोनों इंदौर में ग्राहकी शुल्क वसूलकर लोगों को अश्लील फिल्में दिखाते थे। खुद को निजी कम्पनी के निदेशकों बताते थे।अब तक इस गिरोह के छह सदस्य गिरफ़्तार किए जा चुके हैं। 

इंदौर पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार इस ओटीटी प्लेटफॉर्म को एक पाकिस्तानी व्यक्ति की तकनीकी मदद से चलाया जा रहा था। पाकिस्तानी व्यक्ति ने ही इस प्लेटफॉर्म को विकसित किया था। इस ओटीटी प्लेटफॉर्म के मेंटेनेंस का काम भी पाकिस्तानी नागरिक ही कर रहा था।

Click: Indore: वेब सीरिज के नाम पर अश्लील फिल्म बनाई

प्रदेश साइबर सेल के इंदौर इकाई के पुलिस अधीक्षक जितेंद्र सिंह का कहना है कि इस मामले में एक निजी कम्पनी के दो निदेशकों-दीपक सैनी और उसके साथी केशव सिंह को सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम के तहत गैरकानूनी काम करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। आरोपी ग्वालियर से अश्लील फिल्मों के कारोबार का संचालन कर रहे थे।

एक साल से पाकिस्तानी शख्स की मदद से चल रहा था नेटवर्क

30 वर्षीय दीपक सैनी वयस्क वीडियो कंटेंट बनाने वाले गिरोह के लोगों से अश्लील फिल्में खरीदता था और इसे अपने ओटीटी प्लेटफॉर्म पर प्रसारित करता था। पुलिस का कहना है कि दोनों आरोपी फ्रीलांसरों के एक ऑनलाइन नेटवर्क से भी जुड़े थे। इस नेटवर्क के माध्यम से दोनो एक साल से पाकिस्तान के किसी हुसैन अली को अपने ओटीटी प्लेटफॉर्म को तकनीकी रूप से विकसित करने का काम 20,000 इंडियन करंसी में सौंपा था।

ये दोनों आरोपी पाकिस्तानी नागरिक को अपने ओटीटी प्लेटफॉर्म के मेंटेनेंस के लिए हर महीने करीब 40 हजार रुपए देते थे । पुलिस का कहना है कि आरोपियों के ओटीटी प्लेटफॉर्म पर अश्लील फिल्में दिखाई जाती हैं। इसके सब्सक्राइबर्स भारत और 12 देशों में फैले हैं। आरोपी ओटीटी प्लेटफॉर्म के ग्राहकों से 249 रुपये का मासिक शुल्क वसूलते थे।

पेशे से इंजीनियर है आरोपी, बेवसाइट डिजाइनिंग में है माहिर

दोनों आरोपियों को यह ओटीटी प्लेटफार्म बनाने का आइडिया दूसरी ओटीटी प्लेटफॉर्म देखकर आया था। एक आरोपी राऊ के एक कॉलेज से बीटेक कर चुका है। और उसने कई साल तक फ्रीलांसर के तौर पर वेबसाइट एप्लिकेशन डिजाइनिंग का काम किया है। फीनियो प्लेटफार्म का नेटवर्क कनाडा, तुर्की, कुवैत, इंडोनेशिया, मलेशिया सहित करीब 22 देशों में फैला है। अपनी कंपनी के माध्यम से आरोपी युवतियों को बुलाकर फिल्म बनाने के नाम पर अश्लील फिल्में बनवाता और इन्ही नेटवर्क पर प्रसारित करता था।

अश्लील फिल्मों में काम कराने वाले गिरोह के खिलाफ पुलिस को कई महत्वपूर्ण सुराग मिले थे जिनके आधार पर पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इस गिरोह के चार सदस्यों को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है। गौरतलब है कि गिरोह खुलासा तब हुआ जब एक मॉडल ने इसकी शिकायत पुलिस में की थी