कोरोना वैक्सीनेशन कैंप से नदारद रहने पर 2 डॉक्टरों और एक फार्मासिस्ट को कारण बताओ नोटिस, रीवा के सिरमौर ब्लॉक का मामला

5 जुलाई को रीवा के बीरखाम गांव में वैक्सीनेशन कैंप में नहीं पहुंची डॉक्टरों की टीम, सिरमौर के ब्लॉक मेडिकल ऑफिसर ने ग्रामीणों की शिकायत पर की कार्रवाई, मेडिकल ऑफीसर समेत तीन को कारण बताओ नोटिस, जवाब नहीं देने पर जुलाई का वेतन काटने के आदेश

Updated: Jul 08, 2021, 03:39 PM IST

कोरोना वैक्सीनेशन कैंप से नदारद रहने पर 2 डॉक्टरों और एक फार्मासिस्ट को कारण बताओ नोटिस, रीवा के सिरमौर ब्लॉक का मामला
Photo Courtesy: Indian express

रीवा। देश के साथ-साथ मध्यप्रदेश में भी कोरोना वैक्सीनेशन का काम युद्ध स्तर पर चल रहा है। शहरों में तो लोगों को किसी कदर वैक्सीन लगाई भी जा रही है। लेकिन गांवों में सरकार की कोशिशों पर स्वास्थ्य विभाग के ही लोग पलीता लगाने पर तुले हैं। रीवा जिले के सिरमौर ब्लॉक के बीरखाम गांव के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में 5 जुलाई को कोरोना वैक्सीनेश का कैंप लगा था। लेकिन उस कैंप के जिम्मेदार डॉक्टर और फार्मासिस्ट ड्यूटी से गायब रहे। इस बात की शिकायत स्थानीय ग्रामीणों ने उच्च स्तर पर कर दी। ग्रामीणों का आरोप था कि इतनी भीषण गर्मी में खेती का काम छोड़कर दूर-दूर से आए हैं। लेकिन अस्पताल में डॉक्टर नहीं है जिसकी वजह से उन्हें कोरोना का टीका नहीं लग पाया। स्वास्थ्य केंद्र से डाक्टरों के अनुपस्थिती से नाराज ग्रामीणों ने जमकर हंगामा किया और डॉक्टरों के खिलाफ नारेबाजी की।

मामले के तूल पकड़ने पर अब डॉक्टरों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। सिरमौर ब्लॉक मेडिकल ऑफीसर ने बीरखाम स्वास्थ्य केंद्र के संविदा मेडिकल ऑफीसर डॉक्टर विजय कुमार गुप्ता, ब्रांडेड चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर विनय सोहगौरा और संविदा फार्मासिस्ट विवेकानंद तिवारी के खिलाफ कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। ब्लॉक मेडिकल ऑफिसर द्वारा जारी नोटिस में लिखा है कि जब आप कोरोना वैक्सीनेशन जैसे महत्वपूर्ण कार्य के मौके पर ड्यूटी से गायब रहते हैं तो अन्य दिनों में अस्पताल का क्या हाल होगा। तीनों से तीन दिन में नोटिस का जवाब तलब किया गया है, और कहा गया है कि नोटिस का संतोषजनक उत्तर नहीं देने पर तीनों का जुलाई महीने का वेतन काट लिया जाएगा। वहीं इस बारे में तीनों डॉक्टर अपनी-अपनी सफाई देते नजर आ रहे हैं। एक डॉक्टर का कहना है कि अस्पताल की नर्स ज्योति ने ग्रामीणों के साथ मिलकर तीनों की शिकायत उच्च स्तर पर करवाई है।

दरअसर प्रदेश में भी कोरोना वैक्सीनेशन का महाअभियान चल रहा है,  स्वास्थ्य विभाग से मिली जानकारी के अनुसार 5 रीवा में ब्लॉक स्तर पर सिरमौर ब्लॉक में 1604, रायपुर कर्चुलियान में 645, गंगेव में 601, मऊगंज में 650, गोविंदगढ़ में 633, नईगढ़ी में 650, त्योंथर में 650,  हनुमना में 638 और जवा ब्लॉक में मजह 600 लोगों को कोरोना वैक्सीन लगाई गई। इन कैंपों में कोविशील्ड की सेकंड डोज लगवाने के लिये विशेष अभियान चलाया गया था। वहीं नगर निगम क्षेत्रों के वैक्सीनेशन सेंटर्स पर 3 हजार 76 लोगों का वैक्सीनेशन हुआ।  

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सोमवार को रीवा के केंद्रों पर वैक्सीन खत्म होने तो कोई पर डाक्टरों की अनुपस्थिति की शिकायतें सामने आईं। कई वैक्सीनेशन सेंटर्स पर सुबह 9 बजे से शाम 5 बजे तक चलने कैंप में दोपहर में ही वैक्सीन की डोज खत्म हो गईं। शहरी इलाकों में कोवीशील्ड के खत्म होने पर केवल कोवैक्सीन का दूसरा डोज भेजा गया और कहा गया कि केवल कोवैक्सीन की दूसरी डोज वालों के आने पर लगाया जाए ताकि लोगों में पैनिक ना हो।

 देश भर में 5 जुलाई तक कुल 35 करोड़ 75 लाख 53 हजार 612 लोगों का वैक्सीनेशन किया जा चुका है। देशभर में 5 जुलाई को 45 लाख 82 हजार 246 लोगों वैक्सीनेशन किया गया।