लखनऊ समेत यूपी के 6 जिलों में मास्क पहनना हुआ अनिवार्य, कोविड के बढ़ते खतरों से सरकार हुई चौकन्ना

देश में एक ओर कोरोना की चौथी लहर आने की चर्चा जोरों पर है तो दूसरी तरफ कोरोना के मामलों में भी बढ़ोतरी देखने को मिल रही, यूपी सरकार ने एहतियातन फेस मास्क अनिवार्य कर दिया है

Updated: Apr 18, 2022, 04:57 PM IST

लखनऊ समेत यूपी के 6 जिलों में मास्क पहनना हुआ अनिवार्य, कोविड के बढ़ते खतरों से सरकार हुई चौकन्ना

लखनऊ। देश में कोरोना की चौथी लहर दस्तक दे रही है। कई शहरों में कोरोना के मामलों में भी बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। कोरोना के बढ़ते मामलों को देखते हुए उत्तर प्रदेश सरकार ने बड़ी आबादी वाले कई शहरों में एक बार फिर से मास्क को अनिवार्य कर दिया है।

दरअसल, कोरोना वायरस एक बार फिर से राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCR) के अंतर्गत आने वाले जिलों में पैर पसारने लगा है। एक सरकारी प्रवक्ता ने बताया कि इसे ध्यान में रखते हुए सरकार ने गौतम बौद्ध नगर, गाजियाबाद, हापुड़, मेरठ, बुलंदशहर, बागपत और राजधानी लखनऊ में सार्वजनिक स्थानों पर मास्क का इस्तेमाल अनिवार्य कर दिया है।

यह भी पढ़ें: आशीष मिश्रा की जमानत रद्द, सुप्रीम कोर्ट ने सरेंडर करने का दिया आदेश, लखीमपुर केस में बड़ा फैसला

उत्तर प्रदेश में पिछले चार दिनों से लगातार कोरोना के 100 से ज्यादा मामले आ रहे हैं। पिछले 24 घंटों में यूपी में 115 नए मामले सामने आए हैं जिसके बाद राज्य में कोरोना के कुल एक्टिव केसों की संख्या बढ़कर 695 तक पहुंच गई है। पिछले 24 घंटों में गौतम बौद्ध नगर में सर्वाधिक 65, गाजियाबाद में 20 और लखनऊ में 10 नए मामलों की पुष्टि हुई है।

इससे पहले भी सीएम योगी ने एनसीआर और इससे सटे जिलों में प्रशासन को अलर्ट मोड पर रहने के निर्देश जारी किए थे। जिसके बाद अब नोएडा, गाजियाबाद, लखनऊ, हापुड़, मेरठ, बुलंदशहर और बागपत में फ़िर से मास्क अनिवार्य कर दिया गया है। इसके साथ ही ये निर्देश भी जारी किया गया है कि इन जिलों में जिनका टीकाकरण नहीं हुआ है उन्हें चिन्हित करके जल्द से जल्द टीकाकरण किया जाए और जिन लोगों में इसके लक्षण देखने को मिल रहे हैं उनकी फौरन जांच हो।

यह भी पढ़ें: सुप्रीम कोर्ट पहुंचा खरगोन में घर ढहाए जाने का मामला, कपिल सिब्बल से कानूनी सलाह के बाद याचिका दायर

बता दें कि आईआईटी कानपुर ने दावा किया है कि देश में जून में कोरोना की चौथी लहर आ सकती है। चौथी लहर 22 जून के आसपास शुरू हो सकती है। अनुमान है कि यह लहर 4 महीने तक चलेगी।