जूते के फ़ीते पर सियासी ताव, अब बीजेपी पर आक्रामक हुई कांग्रेस, राजनाथ सिंह का वीडियो शेयर कर दागे सवाल

बीजेपी की ओर से भारत जोड़ो यात्रा का वीडियो क्लिप साझा कर झूठा दावा किया गया कि पूर्व केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह से राहुल गांधी ने जूते बंधवाए, झूठ सामने आने के बाद अब कांग्रेस हमलावर है।

Updated: Dec 23, 2022, 10:56 AM IST

जूते के फ़ीते पर सियासी ताव, अब बीजेपी पर आक्रामक हुई कांग्रेस, राजनाथ सिंह का वीडियो शेयर कर दागे सवाल

नई दिल्ली। बीजेपी आईटी सेल राहुल गांधी पर निजी हमला करने से बाज नहीं आती चाहे उसके लिए झूठ का सहारा ही क्यों न लेना पड़े। ऐसा ही एक मामला राहुल गांधी के जूते के फीते को लेकर आया जिसमें बीजेपी का झूठ सामने आने के बाद अब कांग्रेस हमलावर है। अब कांग्रेस ने भाजपा नेता राजनाथ सिंह का एक वीडियो शेयर किया है जिसमें वह सेना के जवानों से जूते बंधवाते नजर आ रहे हैं।

दरअसल, बीजेपी आईटी सेल के प्रभारी अमित मालवीय ने बुधवार को ट्विटर पर वीडियो शेयर करते हुए दावा किया था कि पूर्व केंद्रीय मंत्री भंवर जितेंद्र सिंह ने अलवर में भारत जोड़ो यात्रा के दौरान राहुल गांधी के जूते के फीते बांधे हैं।

इस पर पूर्व केंद्रीय मंत्री भंवर जितेंद्र सिंह ने दूसरा वीडियो जारी करते हुए कहा कि ऐसा नहीं था। फीते मेरे खुले हुए थे, राहुल गांधी के कहने पर अपने फीते बांधे थे। सिंह ने इस घटना से जुड़ा दूसरा वीडियो भी जारी किया। यह अलग एंगल से था, जिसमें भंवर जितेंद्र सिंह खुद के जूते के फीते बांधते हुए नजर आ रहे हैं।

जितेंद्र सिंह ने वीडियो जारी कर घटना के बारे में भी बताया कि राहुल गांधी के साथ यात्रा में चलते हुए उनके जूते का फीता खुल गया था। राहुल गांधी ने पीछे से इसके बारे में टोका और फीता बांधने को कहा। मैंने तुरंत अपने जूते का फीता बांध लिया। उन्होंने कहा कि भाजपा सरेआम झूठ बोलती है। इस वीडियो को तुरंत ‌BJP के नेताओं ने नहीं हटाया और माफी नहीं मांगी तो उनके खिलाफ मानहानि का केस किया जाएगा।

अब कांग्रेस नेत्री राधिका खेड़ा ने राजनाथ सिंह का एक वीडियो शेयर किया है, जिसमें वह सेना के जवानों से जूते बंधा रहे हैं। यह वीडियो साल 2014 का है, जब राजनाथ सिंह भुज दौरे पर थे। यहां उन्होंने कुर्सी पर बैठकर सेना के जवानों से जूते बंधवाए थे। राधिका खेड़ा ने इसके साथ ही पूछा कि, 'देश के जवान आपकी पार्टी और नेताओं के मुलाज़िम हैं क्या? ये सम्मान है देश के वीर जवानों की?'