दीये जलाने से फुर्सत मिले तो जमीनी हालत भी देखिए, बालाघाट में 30 आदिवासी बच्चों की मौत पर बरसे राहुल गांधी
मुख्यमंत्री जी, दीये जलाने और उत्सव मनाने से फुर्सत मिल गई हो तो ज़रा राज्य की ज़मीनी हालत भी देखिए। बीमारी, पोषण और साफ पानी की कमी और चरमराती स्वास्थ्य व्यवस्था नन्हें बच्चों की जान ले रही है: राहुल गांधी
नई दिल्ली। मध्य प्रदेश दौरे से ठीक पहले कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने बालाघाट में आदिवासी बच्चों की मौत, स्वास्थ्य सुविधाओं की स्थिति और प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था को लेकर मध्य प्रदेश सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि 30 से ज्यादा आदिवासी बच्चों की बीमारी, कुपोषण और बुनियादी स्वास्थ्य सुविधाओं की कमी के बीच मौत हो चुकी है, लेकिन इसके बावजूद कार्रवाई सुस्त रही और सरकार सोती रही।
राहुल गांधी ने कहा, 'मुख्यमंत्री जी, दीये जलाने और उत्सव मनाने से फुर्सत मिल गई हो तो जरा राज्य की जमीनी हालत भी देखिए।' उन्होंने आरोप लगाया कि बीमारी, पोषण और साफ पानी की कमी तथा चरमराती स्वास्थ्य व्यवस्था के कारण छोटे बच्चों की जान जा रही है।
नेता प्रतिपक्ष ने मिलावटी दवाइयों और जहरीली अवैध शराब को लेकर भी सरकार पर सवाल उठाए। राहुल ने कहा कि इन घटनाओं से सैकड़ों परिवार तबाह हो रहे हैं। राहुल गांधी ने कहा कि वे इंदौर आ रहे हैं और लगातार प्रदेश के छात्रों, युवाओं और आम लोगों से फीडबैक ले रहे हैं। उन्होंने कहा कि सामने आ रही घटनाएं मध्यप्रदेश की शिक्षा व्यवस्था की स्थिति को भी उजागर कर रही हैं।
राहुल ने आरोप लगाया कि मध्य प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था आज देशभर में सबसे ज्यादा बर्बाद है। उन्होंने कहा कि छात्र, बच्चे, गरीब, दलित, आदिवासी, पिछड़े और महिलाएं हर वर्ग परेशान है। इसके बाद राहुल गांधी ने मध्य प्रदेश सरकार पर तीखा राजनीतिक आरोप लगाते हुए कहा कि मध्य प्रदेश सरकार आज भारत की सबसे भ्रष्ट और सबसे कुशासित सरकार है, यही सच्चाई है।
बता दें कि राहुल गांधी 19 सितंबर को इंदौर में छात्रों से संवाद करेंगे। प्रस्तावित कार्यक्रम के मुताबिक वे शनिवार दोपहर करीब 2:30 बजे इंदौर पहुंचेंगे। एयरपोर्ट से सीधे रेडिसन होटल जाएंगे, जहां करीब दो घंटे रुकने के बाद रीजनल पार्क के सामने आयोजित ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम में शामिल होंगे।




