राजगढ़ के पचोर में पेट्रोल पंप पर भीषण आग, 13 लोग झुलसे, फ्यूल टैंकर और 15 बाइक जलकर खाक

राजगढ़ जिले के पचोर में सोमवार रात भारत पेट्रोल पंप पर भीषण आग लग गई। हादसे में 13 लोग झुलस गए। जबकि, पेट्रोल टैंकर और 15 बाइक जलकर खाक हो गई।

Updated: May 12, 2026, 10:35 AM IST

राजगढ़। मध्य प्रदेश के पचोर शहर में सोमवार रात एक पेट्रोल पंप पर भीषण आग लग गई। शहर के बीच स्थित चुन्नालाल-मुन्नालाल भारत पेट्रोल पंप पर अचानक आग भड़क उठी। जिसकी चपेट में आने से 13 लोग झुलस गए। हादसे में ईंधन से भरा एक टैंकर और करीब 15 मोटरसाइकिलें जलकर खाक हो गई। गंभीर रूप से घायल एक युवक को इंदौर रेफर किया गया है। जबकि, अन्य घायलों का इलाज पचोर, शाजापुर और निजी अस्पतालों में चल रहा है। पुलिस आग लगने के कारणों की जांच कर रही है।

जानकारी के अनुसार, घटना सोमवार रात करीब 8:30 बजे की है। उस समय पेट्रोल पंप पर वाहनों की लंबी कतार लगी हुई थी और लोग पेट्रोल भरवा रहे थे। इसी दौरान अचानक आग लग गई और देखते ही देखते उसने विकराल रूप धारण कर लिया। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि एक बाइक सवार पेट्रोल भरवाने के बाद बाहर निकल रहा था। तभी उसकी बाइक में अचानक आग भड़क गई। घबराहट में चालक बाइक छोड़कर भाग गया और आग लगी बाइक लुढ़कते हुए पास खड़े पेट्रोल टैंकर तक पहुंच गई। इसके बाद आग तेजी से फैलती चली गई और आसपास खड़ी कई मोटरसाइकिलें इसकी चपेट में आ गई।

कुछ ही सेकंड में पूरा पेट्रोल पंप धुएं और आग की लपटों से घिर गया। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और लोग जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे। कई लोगों ने अपनी गाड़ियां हटाने की कोशिश भी की लेकिन आग इतनी तेजी से फैली कि किसी को संभलने का मौका नहीं मिला।

घटना में पुरानी पचोर निवासी बलराम गुर्जर गंभीर रूप से झुलस गए। उनके अलावा महिलाएं समेत 12 अन्य लोग भी घायल हुए हैं। सभी घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया। जहां प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर रूप से घायल बलराम को इंदौर रेफर कर दिया गया।

आग लगने के बाद पेट्रोल पंप कर्मचारियों ने सूझबूझ दिखाते हुए फायर सेफ्टी उपकरणों की मदद से आग बुझाने का प्रयास शुरू किया। सूचना मिलते ही पुलिस और दमकल विभाग की टीमें मौके पर पहुंची। करीब 45 मिनट की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका। समय रहते आग पर नियंत्रण नहीं होता तो बड़ा विस्फोट भी हो सकता था।

घटना की सूचना मिलते ही शाजापुर विधायक अरुण भीमावद देर रात अस्पताल पहुंचे। उन्होंने घायलों से मुलाकात कर उनका हालचाल जाना और डॉक्टरों को बेहतर इलाज उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।