बीजेपी सरकार में कांग्रेस विधायकों पर झूठे प्रकरण दर्ज किए जाने का दावा, दिग्विजय सिंह ने की CBI जांच की मांग

दिग्विजय सिंह ने कहा है कि बीजेपी सरकार में पुलिस कांग्रेस विधायकों और नेताओं के खिलाफ झूठे प्रकरण दर्ज कर रही है, जिन नेताओं पर प्रकरण दर्ज किए गए हैं वे सभी कुशवाह समाज से हैं, कांग्रेस नेता ने इस पूरे घटनाक्रम को लेकर गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा पर निशाना साधा है

Updated: Sep 12, 2021, 11:37 AM IST

बीजेपी सरकार में कांग्रेस विधायकों पर झूठे प्रकरण दर्ज किए जाने का दावा, दिग्विजय सिंह ने की CBI जांच की मांग

भोपाल। बीते दिनों कांग्रेस के दो विधायकों सहित अन्य नेताओं पर मध्य प्रदेश पुलिस ने प्रकरण दर्ज किए हैं। यह सभी नेता कुशवाह समाज से ताल्लुक रखते हैं। दावा किया जा रहा है कि मध्य प्रदेश पुलिस ने राजनीतिक दबाव में आ कर इन नेताओं के खिलाफ मुकदमे दर्ज किए हैं। अब कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने इन मामलों की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। 

राज्यसभा सांसद दिग्विजय सिंह ने निष्पक्ष जांच कराए जाने की मांग के साथ साथ मध्य प्रदेश के गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा पर भी निशाना साधा है। दिग्विजय सिंह ने आरोप लगाया है कि कांग्रेस नेताओं के खिलाफ यह प्रकरण नरोत्तम मिश्रा के इशारे पर ही दर्ज किए गए हैं। ताकि कुशवाह समाज के लोगों को वे डरा धमका कर अपने पक्ष में कर सकें। 

कांग्रेस की आंदोलन योजना कमेटी के अध्यक्ष दिग्विजय सिंह ने शनिवार रात अपने ट्विटर हैंडल पर इस पूरे मामले का जिक्र करते हुए कहा कि मध्यप्रदेश भाजपा शासन कांग्रेस के विधायकों पर पुलिस झूठे प्रकरण बना रही है। एक सप्ताह में सबलगढ़ विद्यायक बैजनाथ कुशवाह और सुमावली विधायक अजब सिंह कुशवाह पर झूठे प्रकरण बनाए गए हैं। दोनों पिछड़े वर्ग के सक्रिय विधायक हैं।

कांग्रेस नेता ने आगे कहा कि इसी प्रकार राम प्रकाश कुशवाहा तथा उनके दोनों बेटे कल्याण सिंह कुशवाह व धारा सिंह कुशवाह के ख़िलाफ़ भी झूठा हत्या का प्रकरण बना दिया गया है।

दिग्विजय सिंह ने कांग्रेस नेताओं पर दर्ज प्रकरण का विरोध करते हुए कहा कि उनका दोष केवल इतना है कि वे कुशवाह समाज से हैं और दतिया के विधायक और गृहमंत्री नरोत्तम मिश्रा जी दतिया के कुशवाह समाज के लोगों को डरा धमका कर अपने साथ करना चाहते हैं। मैं इन सभी प्रकरणों में CID की निष्पक्ष जॉंच की माँग करता हूँ। 

दूसरी तरफ प्रदेश में बेपटरी होती कानून व्यवस्था पर लगाम न लगाने को लेकर भी शिवराज सरकार पर लगातार सवाल उठ रहे हैं। मध्य प्रदेश में लगातार घटित हो रही आपराधिक घटनाओं को लेकर लगातार शिवराज सरकार की कार्यशैली सवालों के घेरे में आ गई है।