महिंद्रा फाइनेंस के वसूली एजेंट ने गर्भवती महिला को ट्रैक्टर से कुचला, ट्रैक्टर की रिकवरी करने आए थे एजेंट

झारखंड के हजारीबाग में एक किसान को लोन पर ट्रैक्टर खरीदने की कीमत अपनी बेटी की जान गंवाकर चुकानी पड़ी, कंपनी के वसूली एजेंटों ने किसान की गर्भवती बेटी को उसी ट्रैक्टर से कुचलकर मार डाला।

Updated: Sep 17, 2022, 01:07 PM IST

महिंद्रा फाइनेंस के वसूली एजेंट ने गर्भवती महिला को ट्रैक्टर से कुचला, ट्रैक्टर की रिकवरी करने आए थे एजेंट

हजारीबाग। झारखंड के हजारीबाग जिले से एक दिल दहलाने वाला मामला सामने आया है। यहां एक किसान को लोन पर ट्रैक्टर खरीदने की कीमत अपनी बेटी की जान गंवाकर चुकानी पड़ी। महिंद्रा फाइनेंस कंपनी के वसूली एजेंटों ने किसान की गर्भवती बेटी को उसी ट्रैक्टर से कुचलकर मार डाला। मामला सामने आने के बाद पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर लिया है। हालांकि, आरोपी अभी गिरफ्त से बाहर हैं।

पीड़ित किसान मिथिलेश मेहता ने बताया कि उन्होंने महिंद्रा फाइनेंस से कर्ज लेकर ट्रैक्टर खरीदा था। दो दिन पहले कंपनी की ओर से मैसेज आया कि बकाया किस्त 1 लाख 20 हजार रुपये किस्त जमा करें। लेकिन मिथिलेश तय तिथि पर नहीं पहुंच पाए। गुरुवार को ट्रैक्टर पेट्रोल पंप पर खड़ा था। सुबह करीब ग्यारह बजे वहां एक कार से चार लोग पहुंचे। उनमें से एक ट्रैक्टर स्टार्ट कर ले जाने लगा।

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पेट्रोल पंपकर्मी ने उन्हें इस बात की सूचना दी तो वह बकाया रकम लेकर अपनी तीन माह की गर्भवती बेटी मोनिका के साथ घर से निकले। बरियठ के समीप उन्हें अपना ट्रैक्टर दिखा। मिथिलेश ने जब ट्रैक्टर को रोका तो पीछे से आ रही कार भी रुकी। कार से एक शख्स निकला और उसने इस बार कहा कि एक लाख 30 हजार रुपये लेकर ऑफिस पहुंचो। 

मिथिलेश के मुताबिक उन्होंने कहा कि में 1 लाख 20 हजार लेकर आया हूं। आप कौन हैं पहले अपना पहचान बताइए। इसी बात पर वसूली एजेंट भड़क गया। और ट्रैक्टर बढ़ाने का इशारा किया। मोनिका ने जब ट्रैक्टर को रोकना चाहा तो चालक उसे कुचलते हुए आगे बढ़ गया। इससे उसकी मौत हो गई। देर शाम उसका रिम्स में पोस्टमार्टम कराया गया।

महिंद्रा फाइनेंस इस घटना को लेकर यह कहकर पल्ला झाड़ रही है कि हम खुद वसूली नहीं करते। वसूली का जिम्मा स्थानीय एजेंसी के पास होता है। मामले में फाइनेंस कंपनी के स्थानीय प्रबंधक समेत चार लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गयी है और सभी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस मुख्यालय के उपाधीक्षक राजीव कुमार के नेतृत्व में विशेष जांच दल का गठन किया गया है जो उनकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही है।