राम मंदिर चढ़ावा चोरी: राहुल-खड़गे ने PM मोदी को लिखा पत्र, चढ़ावा चोरी मामले में स्वतंत्र जांच की मांग

अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर ट्रस्ट के वित्तीय मामलों की स्वतंत्र जांच और खातों को सार्वजनिक करने की मांग की है।

Updated: Jul 19, 2026, 08:47 PM IST

अयोध्या के राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले ने नया राजनीतिक और कानूनी मोड़ ले लिया है। कांग्रेस सांसद राहुल गांधी और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के वित्तीय मामलों की स्वतंत्र जांच कराने की मांग की है। साथ ही इस मामले में सुप्रीम कोर्ट भी 20 जुलाई को सुनवाई करेगा। अदालत में ट्रस्ट के जवाब और उत्तर प्रदेश सरकार की एसआईटी स्टेटस रिपोर्ट पर विचार किया जाएगा।

शनिवार को लिखा गया राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे का पत्र रविवार को सार्वजनिक हुआ। इसमें उन्होंने कहा कि ट्रस्ट के खातों को सार्वजनिक किया जाना चाहिए ताकि हर श्रद्धालु यह जान सके कि मंदिर में मिले चढ़ावे का उपयोग किस उद्देश्य और किस तरीके से किया गया। उन्होंने यह भी मांग की कि जांच में जो भी व्यक्ति दोषी पाया जाए तो उसकी जवाबदेही तय की जाए।

अपने पत्र में कांग्रेस नेताओं ने प्रधानमंत्री से कहा कि श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के गठन की घोषणा संसद में स्वयं उन्होंने की थी। जबकि, ट्रस्ट के सदस्यों की नियुक्ति सरकार द्वारा की गई थी। पत्र में आरोप लगाया गया कि ट्रस्ट के सदस्य राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS), विश्व हिंदू परिषद (VHP) और उनसे जुड़े संगठनों से जुड़े रहे हैं। साथ ही यह भी कहा गया कि ट्रस्ट के पूर्व महासचिव प्रधानमंत्री के करीबी माने जाते थे। इसलिए इस मामले में उनकी चुप्पी उचित नहीं है और जवाबदेही सुनिश्चित करना सरकार की जिम्मेदारी है।

इस बीच राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले पर सुप्रीम कोर्ट में 20 जुलाई को सुनवाई निर्धारित है। भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) जस्टिस सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली तीन सदस्यीय पीठ इस मामले की आगे की सुनवाई करेगी। इससे पहले 13 जुलाई को हुई सुनवाई में अदालत ने श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट को नोटिस जारी किया था और उत्तर प्रदेश सरकार को एक सप्ताह के भीतर एसआईटी की स्टेटस रिपोर्ट दाखिल करने का निर्देश दिया था। अब अगली सुनवाई में ट्रस्ट का पक्ष और एसआईटी की रिपोर्ट अदालत के सामने रखी जाएगी।

जांच के मोर्चे पर भी कार्रवाई जारी है। मुख्य आरोपी रमाशंकर यादव उर्फ टिन्नू और उसके भतीजे मनीष की पुलिस रिमांड का रविवार को अंतिम दिन है। शनिवार सुबह करीब साढ़े आठ बजे पुलिस दोनों को जिला जेल से 39 घंटे की कस्टडी पर लेकर गई थी। देर रात तक दोनों से एसओजी कार्यालय में पूछताछ की गई और इस दौरान उन्हें किसी अन्य स्थान पर नहीं ले जाया गया।

पुलिस जांच के अनुसार, रमाशंकर यादव उर्फ टिन्नू ट्रस्ट के पूर्व महासचिव चंपत राय का करीबी बताया जाता है और वह मंदिर के दानपात्रों की देखरेख करता था। वहीं, उसका भतीजा मनीष चढ़ावे की गिनती से जुड़े कार्य में लगा हुआ था। पुलिस ने टिन्नू के घर से एक लाख रुपये और मनीष के घर से दो लाख रुपये बरामद किए हैं। इससे पहले इस मामले में अविनाश शुक्ला, लवकुश मिश्रा, अनुकल्प मिश्रा, सुभाष श्रीवास्तव, रमाशंकर मिश्रा और करुणेश समेत छह अन्य आरोपियों को भी पुलिस रिमांड पर लेकर पूछताछ की जा चुकी है।