गौ-अभयारण्य में मरी पाई गईं 10 गायें, यहीं होनी है शिवराज की गौ-कैबिनेट की बैठक

मध्य प्रदेश के पहले गौ-अभयारण्य में गायों का बुरा हाल, एक अख़बार की रिपोर्ट ने किया बदइंतज़ामी का खुलासा

Updated: Nov 20, 2020, 01:27 PM IST

गौ-अभयारण्य में मरी पाई गईं 10 गायें, यहीं होनी है शिवराज की गौ-कैबिनेट की बैठक
Photo Courtesy: Ichowk

भोपाल। मध्य प्रदेश में गायों के लिए हाल ही में गौ-कैबिनेट का गठन हुआ है और गो-अभयारण्य तो पहले से ही बना हुआ है। लेकिन इन एलानों से क्या प्रदेश में गायों की स्थिति वाकई सुधर गई है? एक हिंदी अखबार की ताज़ा रिपोर्ट देखकर तो ऐसा नहीं लगता। प्रदेश के बाकी इलाकों की बात तो छोड़िए अखबार की रिपोर्ट बताती है कि जिस गौ-अभयारण्य में दो दिन बाद शिवराज सिंह चौहान की बनाई गौ-कैबिनेट की पहली बैठक होनी है, वहां गाएं मरी पड़ी हैं।

हिन्दी अख़बार दैनिक भास्कर की ग्राउंड रिपोर्ट के मुताबिक गायों की बदहाली का यह आलम आगर-मालवा जिले के सालरिया में बने गो-अभयारण्य का है। अखबार के मुताबिक जब उनके रिपोर्टर वहां पहुंचे तो 10 से ज्यादा गायें मरी पड़ी थीं। गायों के खाने के लिए कई शेड्स में भूसा तक नहीं था। जो गायें वहां रखी गई थीं, वे बेहद कमज़ोर नजर आ रही थीं। उन्हें ठंड से बचाने का भी कोई इंतज़ाम वहां नहीं किया गया था। ये बदहाली ऐसे वक्त में दिख रही थी, जब 22 नवंबर को गोपाष्टमी के दिन वहां शिवराज सिंह सरकार की गौ-कैबिनेट की पहली बैठक होनी है।

रिपोर्ट के मुताबिक 38 करोड़ की लागत से बने इस गौ-अभ्यारण्य में 3950 गायें रखी गई हैं। उनका भूसा रखने के लिए वहां 10 शेड बने हैं, लेकिन अखबार की रिपोर्ट के मुताबिक 10 में से 5 शेड लगभग खाली पड़े थे। उनमें नाममात्र का भूसा था। शेड क्रमांक 6, 9 व 5 लगभग पूरे खाली थे तो 3 व 4 में भूसा नहीं कुछ अन्य सामान पड़ा था। शेड क्रमांक 1, 2, 7, 8 व 10 में भूसा तो था, लेकिन इतना नहीं कि सभी गायों को दो दिन भी खिलाया जा सके। भूसा गुणवत्ताहीन नजर आ रहा था। गीला होने के साथ ही उसमें गोबर भी पड़ा था। ये हाल उस अभयारण्य का है, जिसकि स्थापना के समय बड़ी-बड़ी योजनाएं बनी थीं। वहां गोमूत्र से दवाएं बननी थीं। गोबर से गैस और न जाने कितने प्रयोग किए जाने थे। लेकिन बड़े-बड़े प्रयोग तो दूर वहां गायों के लिए पर्याप्त चारा तक उपलब्ध नहीं है।

शिवराज की सत्ताखोरी ने गायों का जीवन भी बर्बाद कर दिया : कांग्रेस 

गो-अभयारण्य की बदतर स्थिति पर कांग्रेस ने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान पर निशाना साधा है। कांग्रेस ने कहा है कि शिवराज की सत्ताखोरी ने गायों का जीवन बर्बाद कर दिया है। मध्य प्रदेश कांग्रेस ने अपने आधिकारिक ट्विटर हैंडल पर लिखा है, "गौ-अभयारण्य में 10 गाय मरी पड़ी हैं; गौसेवा के ढोंग को कैबिनेट का नाम देने वाले शिवराज जहाँ दो दिन बाद बैठक करेंगे वहाँ 10 गाय मरी पड़ी है और किसी को कोई ख़बर नही है।शिवराज जी,आपकी सत्ताखोरी ने गायों का जीवन भी बर्बाद कर दिया।"

आपको बता दें कि मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने प्रदेश में गोधन संरक्षण व संवर्धन के लिए जिस गौ-कैबिनेट का गठन किया है, उसमें पशु पालन, वन, पंचायत व ग्रामीण विकास, राजस्व, गृह और किसान कल्याण विभाग को शामिल किया गया है। इसी कैबिनेट की पहली बैठक 22 नवंबर को गोपाष्टमी के दिन गौ-अभयारण्य में होनी है।