छिंदवाड़ा में संदिग्ध मिठाई से हुई फूड पॉइजनिंग, पीएचई विभाग के गार्ड की मौत, दो की हालत नाजुक
छिंदवाड़ा के जुन्नारदेव में पीएचई विभाग के पास होटल में लावारिस मिली मिठाई खाने से फूड पॉइजनिंग हुई। पीएचई विभाग के एक गार्ड की इलाज के दौरान मौत हो गई, जबकि दो अन्य की हालत गंभीर है।
छिंदवाड़ा। मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा जिले के जुन्नारदेव में फूड पॉइजनिंग का गंभीर मामला सामने आया है। पीएचई विभाग के पास स्थित एक होटल में लावारिस हालत में मिली मिठाई खाने से पीएचई विभाग में पदस्थ एक गार्ड की इलाज के दौरान मौत हो गई। जबकि, दो अन्य लोगों की हालत गंभीर बनी हुई है। दोनों का अस्पताल में इलाज जारी है। घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया है। पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है।
जुन्नारदेव थाना पुलिस के अनुसार, शुक्रवार को पीएचई विभाग के नजदीक स्थित एक होटल में मिठाई से भरी एक थैली लावारिस हालत में पड़ी मिली थी। काफी देर तक जब कोई व्यक्ति थैली लेने नहीं पहुंचा और न ही किसी ने उस पर दावा किया तो होटल में मौजूद कुछ लोगों ने उस थैली से मिठाई निकालकर खा ली।
बताया जा रहा है कि तीन से चार लोगों ने वह मिठाई खाई थी। मिठाई खाने के कुछ ही समय बाद सभी की तबीयत अचानक बिगड़ने लगी। हालत बिगड़ने पर शनिवार को सभी को अस्पताल में भर्ती कराया गया। इलाज के दौरान रविवार दोपहर करीब 12 बजे पीएचई विभाग में पदस्थ गार्ड की मौत हो गई। वहीं, अन्य दो पीड़ितों की स्थिति अब भी गंभीर बनी हुई है और उनका इलाज लगातार जारी है।
घटना को लेकर बीमार परिवार के मुखिया मुकेश कचोरिया ने पुलिस को पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी है। उन्होंने बताया कि मिठाई होटल तक कैसे पहुंची और किन परिस्थितियों में लोगों ने उसे खाया इसकी पूरी जानकारी जांच अधिकारियों को दे दी गई है।
पुलिस की प्रारंभिक जांच में मामला फूड पॉइजनिंग का प्रतीत हो रहा है लेकिन सबसे बड़ा सवाल यही है कि वह मिठाई वहां किसने छोड़ी थी और क्या उसमें किसी प्रकार का जहरीला पदार्थ मिलाया गया था। जुन्नारदेव पुलिस ने मौके पर पहुंचकर पंचनामा कार्रवाई की और शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। साथ ही स्वास्थ्य विभाग की टीम भी पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है।
घटना की सूचना मिलते ही नगर पालिका अध्यक्ष रमेश सालोडे अस्पताल पहुंचे और पीड़ितों से मुलाकात कर उनके स्वास्थ्य की जानकारी ली। ब्लॉक मेडिकल ऑफिसर डॉ. सुरेश नागवंशी ने बताया कि सभी मरीजों का इलाज किया जा रहा है और उनकी हालत पर लगातार नजर रखी जा रही है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और फूड सैंपल की जांच रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि मिठाई में जहर था या मामला सामान्य फूड पॉइजनिंग का है।




