MP By Elections: इमरती देवी ने पहले कहा भाड़ में जाए पार्टी, फिर बोलीं बीजेपी की पूजा करती हूं

Imarti Devi: डबरा में किसानों ने घेरा तो खुद को किसान की बेटी बताया, ये भी कहा कि भाड़ में जाए पार्टी, बाद में बोलीं मैं तो कांग्रेस के लिए बोल रही थी

Updated: Oct 25, 2020, 07:29 PM IST

MP By Elections: इमरती देवी ने पहले कहा भाड़ में जाए पार्टी, फिर बोलीं बीजेपी की पूजा करती हूं
Photo Courtesy: Zee News

डबरा। मध्य प्रदेश की शिवराज सरकार में मंत्री और विधानसभा उपचुनाव में बीजेपी की उम्मीदवार इमरती देवी को किसानों ने घेरा तो उनके सुर बदल गए। दरअसल इमरती देवी शुक्रवार शाम मसूदपुर में चुनावी सभा से लौट रही थीं। तभी मंडी गेट इलाके में किसानों ने उनकी गाड़ी रोककर घेराव कर दिया। इस पर इमरती देवी ने किसानों से कहा कि मैं भी किसान की मोड़ी (बेटी) हूं और किसानों के साथ हूं। किसानों ने कहा कि अगर वे किसान की बेटी हैं तो उनके साथ धरने पर बैठें और किसानों के हितों की लड़ाई लड़ें। इसी दौरान किसानों ने बीजेपी की कृषि नीतियों पर सवाल उठाए तो इमरती देवी ने बोल दिया, भाड़ में जाए पार्टी। 

इमरती देवी के इस बयान ने कांग्रेस पार्टी को निशाना साधने का मौका दे दिया है। प्रदेश कांग्रेस के प्रवक्ता नरेंद्र सलूजा ने इमरती देवी के इस बयान का वीडियो शेयर करते हुए ट्विटर पर लिखा है,

"मै डिप्टी सीएम बनूँगी,सत्ता सरकार कहेगी तो कलेक्टर चुनाव जीता देंगे के बाद अब “ पार्टी जाये भाड़ में “ कांग्रेस के साथ ग़द्दारी करने वालों के भाजपा को लेकर बोल ? ये तो प्राइवेट लिमिटेड कंपनी के लोग है इन्हें किसी भी पार्टी से कोई लेना देना नहीं,ये तो सिर्फ़ अपने सीईओ के साथ है।"

हालांकि कुछ देर बाद उन्होंने इस पर सफाई देते हुए कहा कि वे तो भारतीय जनता पार्टी की पूजा करती हैं। घेराव के दौरान कुछ लोगों ने धरने पर बैठने की बात कहकर कांग्रेस के नारे लगा दिए थे, इसलिए उन्होंने कांग्रेस पार्टी के लिए भाड़ में जाए कहा था। 

इमरती देवी अब कुछ भी सफाई दे रही हों, लेकिन इस पूरे प्रकरण ने एक बात तो साफ कर दी है कि मध्य प्रदेश के किसानों में बीजेपी की कृषि नीति को लेकर काफी नाराज़गी है। खास तौर पर मोदी सरकार ने जिस तरह से तीन कृषि कानूनों को संसद में पारित करवाया है और उन कानूनों का शिवराज सिंह चौहान समेत बीजेपी के तमाम नेता समर्थन कर रहे हैं, उसका असर किसानों पर पड़ रहा है। और अगर इमरती देवी की बात सही है कि उन्हें घेरकर धरने पर बैठने की बात कर रहे किसान कांग्रेस के नारे लगा रहे थे, तब तो इसका संकेत इमरती देवी की उस पार्टी के लिए और भी चिंताजनक है, जिसकी अब वो पूजा करने लगी हैं।