छतरपुर में पुलिस कस्टडी में युवक की मौत, परिजनों ने मारपीट के लगाए आरोप, दो आरक्षक निलंबित
छतरपुर के राजनगर थाने में पुलिस कस्टडी के दौरान 22 वर्षीय युवक राजेश पटेल की मौत हो गई। पुलिस इसे आत्महत्या बता रही है। जबकि, परिजनों ने मारपीट और 50 हजार रुपये रिश्वत मांगने का आरोप लगाया है।
छतरपुर। मध्य प्रदेश के छतरपुर जिले के राजनगर थाना क्षेत्र में पुलिस कस्टडी के दौरान 22 वर्षीय युवक की मौत हो गई। मृतक के परिजनों ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाते हुए थाने के बाहर जमकर विरोध प्रदर्शन किया। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस विभाग ने तत्काल कार्रवाई की और दो आरक्षकों को निलंबित कर दिया है। इस पूरे घटनाक्रम की मजिस्ट्रेट जांच के आदेश दे दिए गए हैं।
जानकारी के अनुसार, राजनगर थाना क्षेत्र के इमिलिया गांव निवासी 22 वर्षीय राजेश पटेल को एक महिला द्वारा दिए गए शिकायती आवेदन के आधार पर पुलिस थाने लाई थी। इसी दौरान थाना परिसर में युवक द्वारा फांसी लगाकर आत्महत्या करने की बात पुलिस की ओर से सामने आई। युवक की मौत की सूचना मिलते ही क्षेत्र में सनसनी फैल गई और बड़ी संख्या में ग्रामीण व परिजन राजनगर थाने पहुंच गए।
घटना की जानकारी मिलते ही छतरपुर पुलिस अधीक्षक (एसपी) अगम जैन भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और पूरे मामले की जानकारी ली। स्थिति को देखते हुए पुलिस बल तैनात कर कानून-व्यवस्था बनाए रखने के प्रयास किए गए।
मृतक के परिजनों ने पुलिस के दावे पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि राजेश पटेल को थाने में बेरहमी से पीटा गया जिससे उसकी मौत हुई। परिजनों का कहना है कि पुलिस अब मामले को आत्महत्या बताकर खुद को बचाने की कोशिश कर रही है। मृतक के पिता किशोरी पटेल ने आरोप लगाया कि थाने में तैनात दो पुलिसकर्मी जय सिंह और शिव कुमार ने युवक को छोड़ने के बदले 50 हजार रुपये की मांग की थी। आरोपों से आक्रोशित परिजनों ने थाने के बाहर हंगामा करते हुए निष्पक्ष कार्रवाई और न्याय की मांग की।
मामले ने राजनीतिक रंग भी ले लिया जब कांग्रेस नेत्री कविता सिंह राजनगर थाने पहुंचीं और घटना की निष्पक्ष व पारदर्शी जांच कराने की मांग की। उन्होंने कहा कि कस्टडी में हुई मौत गंभीर मामला है और जिम्मेदारों पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।
दूसरी ओर पुलिस अधीक्षक अगम जैन ने बताया कि प्राथमिक आरोपों को गंभीरता से लेते हुए संबंधित दोनों आरक्षकों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि पूरे मामले की मजिस्ट्रेट जांच के आदेश जारी कर दिए गए हैं और जांच रिपोर्ट सामने आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।




