कभी भी फूट सकता है कोठीदा बांध, धार प्रशासन ने खाली कराए 13 गांव, हाई अलर्ट जारी

धार जिले के भारूडपुरा-कोठीदा बांध में लीकेज की शिकायत के बाद 13 गांवों को खाली कराया गया है। प्रशासन का दावा है कि लीकेज पर नियंत्रण पा लिया गया है, लेकिन ग्रामीण सहमे हुए हैं

Updated: Aug 12, 2022, 06:34 PM IST

कभी भी फूट सकता है कोठीदा बांध, धार प्रशासन ने खाली कराए 13 गांव, हाई अलर्ट जारी

धार। मध्य प्रदेश के धार जिले में स्थित भारूडपुरा-कोठीदा डैम फूटने की कगार पर खड़ा है। डैम से पानी का रिसाव शुरू हो गया है। हालांकि, शुरुआती तौर पर प्रशासन ने जेसीबी और पॉकलेन मशीनों से दरार को बंद किया गया है। स्थानीय लोगों के मुताबिक अगर डैम फूट जाता है, तो करीब 3 दर्जन गांव के गांव बह जाएंगे।

प्रशासन ने आसपास के करीब 20 किमी के रास्ते को बंद कर दिया है, ऐसे में इंदौर आवाजाही करने वाले यात्रियों को काफी परेशानी हो रही है। वाहन चालक भी परेशान हो गए हैं, क्योंकि खलटांका चौकी पर वाहनों को रोककर कसरावद वाया मंडलेश्वर गेट होकर भेजा जा रहा है।

प्रशासन ने एबी रोड का पूरा आवागमन बंद कर दिया है, गुजरी व आसपास के पूरे गांव खाली करवा दिए है। चार साल से काम चल रहा था डेम का इस वर्ष ही पानी रोका गया था। इंदौर से आने जाने का मार्ग बंद कर दिया गया है। गुजरी-धार रोड पर डैम की स्थिति गंभीर बताई जा रही है। इसका पानी एबी रोड पर बने पुल तरफ भी आता है। इसलिए ऐहतियात के तौर पर यह फैसला किया गया है।

जानकारी के मुताबिक इंदौर संभाग में धार जिले की धरमपुरी तहसील अंतर्गत कोठीदा डैम के निर्माण में 304 करोड़ रुपए खर्च किए गए। जब कार्य चल रहा था तब ग्रामीणों ने घटिया निर्माण सामग्री का आरोप भी लगाया था । लेकिन उस समय सुनवाई नहीं हुई थी। ग्रामीणों ने वीडियो जारी कर अफसरों पर भ्रष्टाचार और घटिया निर्माण का आरोप लगाया है। बताया जा रहा है कि प्रदेश के जल संसाधन मंत्री तुलसी सिलावट मौके पर पहुंच रहे हैं।