उपचुनाव से पहले शिवराज सरकार ने बढ़ाया DA, कमलनाथ बोले- हमारे फैसले को 19 माह तक रोके रखा

DA वृद्धि पर भिड़े कमलनाथ और शिवराज, कमलनाथ बोले- कांग्रेस सरकार के फैसले को शिवराज सरकार ने 19 महीने रोके रखा, सीएम का पलटवार- कमलनाथ सरकार ने पैसे की कमी बताकर विकास कार्यों को रोके रखा था

Updated: Oct 21, 2021, 04:06 PM IST

उपचुनाव से पहले शिवराज सरकार ने बढ़ाया DA, कमलनाथ बोले- हमारे फैसले को 19 माह तक रोके रखा

भोपाल। मध्य प्रदेश में उपचुनाव के पहले शिवराज सरकार ने अधिकारियों और कर्मचारियों का महंगाई भत्ता बढ़ाने का ऐलान किया है। राज्य सरकार ने महंगाई भत्ता में 8% की वृद्धि की है जिससे अब यह 20 फीसदी हो गया है। यह अक्टूबर के वेतन में जुड़कर नवंबर में मिलेगा। महंगाई भत्ते में हुई बढ़ोतरी को लेकर सियासत भी तेज हो गई है। कमलनाथ ने कहा है कि शिवराज सरकार ने हमारे फैसले को 19 महीने तक रोके रखा और चुनावी फायदे के लिए बढ़ाया भी तो 16 फीसदी के बजाए 8 फीसदी ही बढ़ाया।

नेता प्रतिपक्ष ने महंगाई भत्ते को लेकर एक के बाद एक सात ट्वीट कर शिवराज सरकार को निशाने पर लिया है। कमलनाथ ने कहा है कि हमारी सरकार ने महंगाई भत्ता बढ़ाने का फैसला लिया था जो 1 अप्रैल 2020 से ही लागू होना था। लेकिन शिवराज सरकार ने सत्ता में आते ही इसे रोककर कर्मचारियों के साथ कुठाराघात किया। उन्होंने कहा कि केंद्रीय कर्मचारियों को वर्तमान में 28% महंगाई भत्ता मिलता है लेकिन प्रदेश में यह महज 8 फीसदी है। 

कमलनाथ के मुताबिक शिवराज सरकार ने आज उपचुनाव की वजह से फैसला लिया भी है तो यह अधूरा ही है। उन्होंने कहा, 'यह कर्मचारियों के हित में नहीं है। आज भी महंगाई भत्ते को 8% ही बढ़ाया गया जबकि केंद्रीय कर्मचारियों के समान 16% तक बढ़ाए जाने की आवश्यकता है। क्योंकि आज स्थितियां विकट है, महंगाई चरम पर है, कोरना के कारण आर्थिक व्यवस्था ध्वस्त हो चुकी है। कमलनाथ ने मांग की है कि कर्मचारियों का DA 28 फीसदी किया जाए साथ ही कर्मचारी वर्ग के लोगों की सभी मांगें पूरी की जाए। 

उधर सिंगोट विधानसभा अंतर्गत पंधाना में एक जनसभा को संबोधित करते हुए सीएम शिवराज ने भी कमलनाथ पर पलटवार किया है। सीएम ने आरोप लगया है की कमलनाथ सत्ता में आये तो विकास के सारे काम पैसे की कमी बताकर रोक दिये। हमने तो कोरोनाकाल में 8 महीने तक प्रदेश में सब कुछ ठप रहने के बावजूद कोई विकास के काम नहीं रोके।'