नीट परीक्षा रद्द होने पर देशभर में प्रदर्शन, भोपाल में NSUI ने फूंका केंद्रीय शिक्षा मंत्री का पुतला
NTA ने 3 मई को आयोजित NEET-UG 2026 परीक्षा को पेपर लीक के आरोपों के बाद रद्द कर दिया है। जांच एजेंसियों को ऐसे इनपुट मिले थे कि परीक्षा की गोपनीयता से समझौता हुआ है।
भोपाल। NEET यूजी परीक्षा रद्द किए जाने के विरुद्ध देशभर में स्टूडेंट्स का आक्रोश देखने को मिल रहा है। विपक्षी दल कांग्रेस की छात्र संगठन NSUI ने कई राज्यों में विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया है। मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में भी NSUI कार्यकर्ताओं और NEET अभ्यर्थियों ने प्रदर्शन किया। इस दौरान केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का पुतला फूंका गया।
मध्य प्रदेश एनएसयूआई के प्रदेश उपाध्यक्ष रवि परमार के नेतृत्व में मंगलवार को बड़ी संख्या में छात्राओं ने नीट परीक्षा रद्द होने के खिलाफ केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेन्द्र प्रधान और एनटीए (NTA ) के अध्यक्ष प्रदीप जोशी का पुतला दहन कर विरोध दर्ज कराया। प्रदर्शनकारी छात्रों का कहना है कि देशभर में लाखों लाख छात्र-छात्राएं प्रतिवर्ष NEET जैसी प्रतिष्ठित परीक्षा की तैयारी करते हैं लेकिन प्रतिवर्ष परीक्षा रद्द हो जाने के कारण छात्रों का भविष्य अधर में अटक जाता है जो छात्रहितों के खिलाफ है।
एनएसयूआई के प्रदेश उपाध्यक्ष रवि परमार कहा कि हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी मेडिकल फील्ड की सबसे प्रतिष्ठित परीक्षा नीट का पेपर लीक हो गया है। हर वर्ष पेपर लीक हो जाने के कारण छात्राएं भारी असुविधा का सामना कर रहे हैं। आज हमने इसके खिलाफ केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान अजय नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA ) के अध्यक्ष प्रदीप जोशी का पुतला दहन किया है। हमारी मांग है कि नीट पेपर लीक मामले में सुप्रीम कोर्ट के रिटायर्ड जस्टिस की अध्यक्षता में एक न्यायिक कमेटी बनाई जाए और मामले की निष्पक्ष जांच करवाई जाए।
इस दौरान एनएसयूआई के भोपाल जिला अध्यक्ष अक्षय तोमर ने कहा कि नीट की परीक्षा में हर वर्ग का छात्र प्रतिभागी के रूप में शामिल होता है लेकिन अमीर लोगों के बच्चों को अच्छे नंबर से पास करवाने के उद्देश्य से शिक्षा माफियाओं द्वारा प्रतिवर्ष नीट का पेपर लीक करवा दिया जाता है। जो बच्चे गरीब वर्ग से आते हैं और बड़ी मेहनत एवं लगन से नीट की साल भर तैयारी करते हैं लेकिन आखिर समय पता चलता है कि पेपर रद्द हो गया है। यह छात्र-छात्राओं के मानसिक स्वास्थ्य को प्रभावित करता है।
बता दें कि NTA ने 3 मई को आयोजित NEET-UG 2026 परीक्षा को पेपर लीक के आरोपों के बाद रद्द कर दिया है। जांच एजेंसियों को ऐसे इनपुट मिले थे कि परीक्षा की गोपनीयता से समझौता हुआ है। सरकार ने जांच CBI को सौंप दी है और दोबारा परीक्षा कराने का फैसला लिया गया है।




