पीसी चाको एनसीपी में शामिल, हाल ही में कांग्रेस से दिया था इस्तीफा

केरल के वरिष्ठ नेता पीसी चाको एनसीपी प्रमुख शरद पवार की मौजूदगी में एनसीपी में शामिल हुए, चाको ने क़रीब पाँच दशक तक कांग्रेस में रहने के बाद पार्टी छोड़ी है

Updated: Mar 17, 2021, 09:36 AM IST

पीसी चाको एनसीपी में शामिल, हाल ही में कांग्रेस से दिया था इस्तीफा
Photo Courtesy: India TV

नई दिल्ली। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता रहे पीसी चाको आज शरद पवार की पार्टी एनसीपी में शामिल हो गए। केरल में कांग्रेस के प्रमुख नेताओं में शामिल रहे चाको ने इसी 10 मार्च को पार्टी से इस्तीफा दे दिया था। साल 2009 से 2014 तक केरल के सांसद रहे चाको क़रीब पाँच दशक तक कांग्रेस से जुड़े रहे। एनसीपी के अध्यक्ष शरद पवार ने पीसी चाको को पार्टी की सदस्यता दिलाई। 

एनसीपी में शामिल होने के बाद पीसी चाको ने कहा, "मैं आज आधिकारिक रूप से एनसीपी में शामिल हो रहा हूं। एनसीपी पिछले 40 सालों से केरल में एलडीएफ का हिस्सा रही है। एनसीपी की तरफ से मैं एलडीफ के लिए चुनाव प्रचार करूँगा।"

शरद पवार ने कहा कि केरल के मुख्यमंत्री पिनरई विजयी ने उनसे कहा है कि वे पीसी चाको के एनसीपी में शामिल होकर एलडीएफ का हिस्सा बनने से काफ़ी खुश हैं। चाको का साथ आना केरल विधानसभा चुनाव के दौरान एलडीएफ के लिए काफ़ी फ़ायदेमंद साबित होगा। शरद पवार की पार्टी एनसीपी महाराष्ट्र में कांग्रेस और शिवसेना के साथ मिलकर गठबंधन सरकार में शामिल है। लेकिन केरल में वह कांग्रेस के विरोधी लेफ़्ट डेमोक्रेटिक फ़्रंट का हिस्सा है। केरल में फिलहाल एलडीएफ की सरकार है जिसके मुखिया पिनरई विजयन हैं।

केरल के वरिष्ठ नेता पीसी चाको ने 10 मार्च को कांग्रेस से इस्तीफा देते समय कहा था कि कांग्रेस का सदस्य होना उनके लिए गौरव की बात रही है, लेकिन केरल में कांग्रेस की राजनीति दो नेताओं की गुटबाज़ी में उलझकर रह गई है। उन्होंने कहा था कि मैंने कांग्रेस आलाकमान से इस बारे में कई बार बात की, लेकिन कोई समाधान नहीं निकल सका। उन्होंने यह आरोप भी लगाया था कि केरल में 6 अप्रैल को होने वाले विधानसभा चुनाव के लिए कांग्रेस के उम्मीदवार तय करने में भी गुटबाज़ी हावी रही है।

कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं में शामिल रहे पीसी चाको कांग्रेस सरकार में मंत्री भी रह चुके हैं। वे साल 2009 से 2014 तक केरल के त्रिशूर से सांसद रहे हैं। केरल की 140 विधानसभा सीटों पर 6 अप्रैल को एक ही चरण में वोटिंग होनी है। नतीजे 2 मई को घोषित किए जाएंगे।