क्रूर समाज का खौंफनाक चेहरा: मंदिर में घुसने पर दलित बच्चे की बेरहमी से पिटाई, बच्चा कहता रहा- प्लीज अंकल छोड़ दो

मध्य प्रदेश के सागर जिले में पुजारी द्वारा एक मासूम बच्चे को निर्ममता पूर्वक बांधकर पिटाई करने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, बताया जा रहा है कि पुजारी ने थाली से बादाम उठाने के शक में दलित बच्चे की बेरहमी से पिटाई की

Updated: Sep 10, 2022, 02:08 PM IST

क्रूर समाज का खौंफनाक चेहरा: मंदिर में घुसने पर दलित बच्चे की बेरहमी से पिटाई, बच्चा कहता रहा- प्लीज अंकल छोड़ दो

सागर। मध्य प्रदेश के सागर जिले से क्रूर समाज का खौफनाक चेहरा सामने आया है। यहां पुजारी ने एक दलित बच्चे की निर्ममता से पिटाई की। पुजारी का दावा है कि दलित बच्चे ने मंदिर की थाली से बादाम उठाया था। हालांकि, परिजनों का कहना है कि बच्चा गलती से मंदिर में प्रवेश कर गया था, इसी बात को लेकर उसे बेरहमी से पीटा गया।

मामला सागर के छोटा करीला स्थित एक जैन मंदिर का है, जहां एक नाबालिग बच्चा जैन मंदिर में घुस गया। इसी बात पर 'अहिंसा परमो धर्म' का संदेश देने वाले जैन धर्म के ब्रह्मचारी ने बच्चे को रस्सी से बांधकर उसकी बेरहमी से पिटाई कर डाली। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में देखा जा सकता है कि दो व्यक्ति एक बच्चे को पकड़े हुए हैं। उसके हाथ में रस्सी बांधकर उसके साथ मारपीट कर रहे हैं। बच्चा पास खड़े लोगों को चिल्ला-चिल्ला कर बचाने की विनती कर रहा है। बच्चा बिखलते हुए 'अंकलजी बचा लो...बचा लो...' की गुहार लगाता नजर आ रहा है।

मोती नगर थाना पुलिस के मुताबिक घटना गुरुवार दोपहर करीब एक बजे की है। मारपीट से बच्चे के शरीर में चोट के भी निशान हैं। मामला सामने आने के बाद एससी-एसटी एक्ट के तहत मारपीट का केस दर्ज किया गया है। बच्चे के परिजनों का कहना है कि बच्चा मंदिर के गेट के पास खेल रहा था। इसी दौरान गलती से मंदिर के अंदर प्रवेश कर गया, जिसके बाद नाराज होकर पुजारी ने उसके साथ मारपीट की है। 

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आरोपी ब्रह्मचारी का कहना है कि मंदिर के एक थाली में बादाम रखे थे, जो उसने उठा लिए। इसीलिए उसे बांधकर पीटा। हैरानी कि बात ये है कि जैन धर्म के क्षमावाणी पर्व चल के दौरान मंदिर में एक दलित बच्चे को रस्सी से बांधकर पीटा गया। पुजारी के आरोप को सही भी माना जाए तो भी एक बच्चे का कुछ दाने बादाम उठा लेने पर इस तरह की तालिबानी सजा एक सभ्य समाज में कतई बर्दाश्त करने योग्य नहीं है।