फिर होगी मेघों की मेहरबानी, 9 संभागों के तीन दर्जन से ज्यादा जिलों में भारी बारिश के लिए अलर्ट जारी

मध्यप्रदेश में सामान्य से 5 फीसदी कम हुई है बारिश, 14 जिलों में 20 से 42 प्रतिशत कम बरसा पानी, बंगाल की खाड़ी में बने नए सिस्टम से स्थिति सामान्य होने की उम्मीद

Updated: Sep 15, 2021, 03:43 PM IST

फिर होगी मेघों की  मेहरबानी, 9 संभागों के तीन दर्जन से ज्यादा जिलों में भारी बारिश के लिए अलर्ट जारी
Photo Courtesy: ftcp

भोपाल। मध्यप्रदेश में इनदिनों एक बार फिर से मानसूनी गतिविधियां तेज हो गई हैं। मौसम विभाग ने अनुमान जताया है कि इस दौरान लगभग पूरे प्रदेश में बारिश होगी। विभाग ने प्रदेश के 9 संभागों के करीब 35 जिलों में भारी बारिश के लिए अलर्ट जारी किया है। बांगल की खाड़ी में बने नए सिस्टम की वजह से प्रदेश के ज्यादातर इलाकों में बारिश होने की उम्मीद है।   

सागर, रीवा, जबलपुर, शहडोल, भोपाल, उज्जैन, इंदौर, ग्वालियर चंबल और होशंगाबाद संभाग के लिए अलर्ट जारी किया गया है। मौसम विभाग ने 7 जिलों रीवा, सतना, भिंड, दतिया, नरसिंहपुर, सागर, छतरपुर में भारी से अतिभारी बारिश के लिए अलर्ट जारी किया है। यहां 64.5 से 204.4 मिमी तक वर्षा हो सकती है। वहीं कुछ जिलों में अति भारी बारिश के लिए अलर्ट जारी किया है। सीधी, सिंगरौली, डिंडौरी, छिंदवाड़ा, सिवनी, मंडला, बालाघाट, पन्ना, दमोह, टीकमगढ़, निवाड़ी, विदिशा, श्योपुरकला, रायसेन, सीहोर, राजगढ़, होशंगाबाद, रतलाम, उज्जैन, देवास, शाजापुर, आगर, बैतूल और हरदा के लिए यलो अलर्ट जारी किया गया है। इन 27 जिलों में 64.5 से 115 मिमी तक बरसात होने की आशंका है।

वहीं कई जिलों में भारी बारिश के साथ बिजली गिरने की चेतावनी जारी की गई है। सागर, रीवा, जबलपुर, शहडोल, भोपाल, इंदौर, उज्जैन, होशंगाबाद औऱ ग्वालियर चंबल के जिलों में बिजली गिरने का अलर्ट जारी किया गया है।

अगले 24 घंटों में होने वाली भारी बारिश की वजह से निचले इलाकों में जल भराव की स्थिति बन सकती है। बारिश के दौरान विजिबिलिटी कम होने से यातायात के संचालन में परेशानी आ सकती है। लोगों से सावधान रहने की अपील की गई है। वहीं बीते 24 घंटों में प्रदेश में सामान्य मौसम रहा। रीवा, शहडोल, जबलपुर, इंदौर, उज्जैन संभागों के कई जिलों में कहीं-कहीं बारिश दर्ज की गई।

मध्यप्रदेश में वर्तमान में मानसूनी बारिश औसत आंकड़े से 5 प्रतिशत कम दर्ज हुई है। यहां एक जून से 15 सितंबर तक 836.9 मिमी वर्षा दर्ज की गई है, जबकि औसत बारिश का आंकड़ा 882.6 मिमी रहता है। प्रदेश के 14 जिलों सामान्य से 20 से 43% तक कम बारिश हुई है।

दमोह में 44%, जबलपुर में 42%, पन्ना में 36 %, कटनी में 34%, बालाघाट में 31%, सिवनी  28 %, छतरपुर में 24%, उमरिया 21%, मंडला में 23%,  धार 29%, खरगोन 26%,, हरदा 20%, होशंगाबाद 24%, प्रतिशत सामान्य से कम वर्षा हुई है। जिसकी वजह से किसानों के माथे पर चिंता की लकीरें खिंची हुई हैं। नए मानसूनी सिस्टम बनने की वजह से कई नदियों का जल स्तर बढ़ने और बांधों के गेट खुलने की उम्मीद जताई जा रही है।