ओंकारेश्वर मंदिर की दान पेटी ले भागे चोर, कोटी तीर्थ घाट पर रुपये ख़ालीकर फेंका मिला बक्सा

ओंकारेश्वर मंदिर की कड़ी सुरक्षा के बीच दानपेटी का ताला तोड़कर रुपए चोरी, चोर पकड़ने के लिए पुलिस को अब CCTV का सहारा

Updated: Feb 02, 2021, 01:07 PM IST

ओंकारेश्वर मंदिर की दान पेटी ले भागे चोर, कोटी तीर्थ घाट पर रुपये ख़ालीकर फेंका मिला बक्सा
Photo Courtesy: Patrika

खंडवा। बारह ज्योतिर्लिंगों में से एक ओंकारेश्वर मंदिर में चोरी का मामला सामने आया है। ओंकारेश्वर मंदिर के गर्भगृह के सामने पंचमुखी गणेश मंदिर से दानपेटी की चोरी में नया तथ्य सामने आया है। यह दानपेटी कोटीतीर्थ घाट वाले नए पुल पर पड़ी मिली है। जिसे पुलिस ने जब्त कर लिया है। मंदिर में चोरी की घटना से यहां की व्यवस्था पर सवाल खड़े किए जा रह हैं। खंडवा कलेक्टर अनय द्विवेदी ने मंदिर ट्रस्ट को दान पेटी की चोरी की जांच के आदेश दिए है।  

दरअसल यहां कड़ी सुरक्षा और सीसीटीवी की निगरानी को धता बताते हुए चोरों ने सोमवार को मंदिर परिसर से दानपेटी पर हाथ साफ कर दिया। सुरक्षाकर्मियों के होते हुए मंदिर से दानपेटी का चोरी होना यहां की सुरक्षा व्यवस्था की कमजोरी को दर्शाता है।

गौरतलब है कि खंडवा जिले के ओंकारेश्वर मंदिर स्थित गर्भगृह के सामने ही पंचमुखी गणेश मंदिर है, उसी के नजदीक दानपेटी रखी थी। इस चोरी की जानकारी सोमवार सुबह मिली। जब श्रद्धालु मंदिर में पूजा के लिए पहुंचे तो दानपेटी गायब थी। लोगों की सूचना पर मंदिर के सुरक्षाकर्मी, ओंकारेश्वर मंदिर ट्रस्ट के पदाधिकारीगण और मांधाता पुलिस मंदिर पहुंची। और मौका-ए-वारदात का जायजा लिया।

कई स्थानों पर तफ्तीश करने पर दानपेटी कोटीतीर्थ घाट को जोडऩे वाले नए पुल पर मिली। इस दानपेटी का ताला टूटा था और जिसमें खुल्ले पैसे पड़े थे। फिलहाल मांधाता पुलिस ने अज्ञात चोरों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। सीसीटीवी फुटेज की बारीकी से जांच की जा रही है। पुलिस को उम्मीद है कि जल्द ही चोरों की गिरफ्तार कर लिया जाएगा। खबरों की मानें तो ट्रस्ट का कहना है कि दानपेटी में दो से तीन हजार रुपए की राशि हो सकती है।

ओंकारेश्वर को सर्वश्रेष्ठ तीर्थों में से एक माना जाता है। ओंकारेश्वर तीर्थ के साथ मां नर्मदाजी का विशेष महत्व है। कहा जाता है कि यमुना नदी में 15 दिन का स्नान तथा गंगा नदी में 7 दिन का स्नान से जो फल मिलता है, उतना पुण्यफल मां नर्मदा के दर्शन मात्र से श्रद्धालुओं को मिल जाता है।