अमेरिका पर भरोसा नहीं, हमारी सेना पूरी तरह तैयार है, ईरान ने फिर दी ट्रंप को चेतावनी

ईरान ने कहा कि हम बातचीत के लिए तैयार हैं, लेकिन इसे कमजोरी नहीं समझा जाना चाहिए। होर्मुज में माइन-क्लियरिंग जैसी किसी भी कार्रवाई को सीजफायर का उल्लंघन माना जाएगा और इसका जवाब दिया जाएगा।

Updated: Apr 19, 2026, 02:09 PM IST

तेहरान। स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के बंद होने का असर दुनियाभर में देखने को मिल रहा है। वैश्विक बाजार में क्रूड ऑयल की कीमतें बढ़ने लगी हैं। इधर ईरान ने एक बार फिर अमेरिका को चेतावनी दी है। ईरान ने साफ कहा है कि हमें अमेरिका पर भरोसा नहीं है और हमारी सेना किसी भी परिस्थिति के लिए तैयार है।

ईरानी संसद के स्पीकर मोहम्मद बाघेर ने कहा कि हालात कभी भी बिगड़ सकते हैं। इसी वजह से सेना पूरी तरह तैयार है। शनिवार रात दिए बयान में गालिबाफ ने कहा कि अगर ईरान के जहाज होर्मुज स्ट्रेट से नहीं गुजर पाए, तो किसी और देश के जहाजों को भी वहां से गुजरने नहीं दिया जाएगा।

उन्होंने अमेरिका की ईरानी बंदरगाहों पर लगाई गई नाकेबंदी को गलत और लापरवाह फैसला बताया। उन्होंने कहा कि यह कदम क्षेत्र में तनाव बढ़ा रहा है।गालिबाफ ने चेतावनी दी कि होर्मुज में माइन-क्लियरिंग जैसी किसी भी कार्रवाई को सीजफायर का उल्लंघन माना जाएगा और इसका जवाब दिया जाएगा।

उन्होंने यह भी कहा कि ईरान बातचीत के लिए तैयार है, लेकिन इसे कमजोरी नहीं समझा जाना चाहिए। साथ ही दावा किया कि अमेरिका के पास संसाधन और हथियार होने के बावजूद रणनीतिक तौर पर वह ईरान के सामने कमजोर पड़ा है।

बता दें कि ईरान ने होर्मुज में 2 भारतीय जहाजों पर फायरिंग की। 14 जहाज रोके गए, 13 वापस लौटे। भारत ने राजदूत को तलब कर विरोध जताया। दरअसल, ईरान ने अमेरिका पर सीजफायर उल्लंघन का आरोप लगाते हुए स्ट्रेट दोबारा बंद किया है।