इटली के स्कूलों में बुर्का और नकाब पर लगेगा बैन, विदेशी छात्रों की संख्या भी सीमित होगी

बुर्का और नकाब पर प्रतिबंध लगाने वाला इटली पहला देश नहीं होगा। फ्रांस और चीन समेत दुनिया के करीब 24 देशों में सार्वजनिक जगहों पर चेहरे को पूरी तरह ढकने वाले कपड़ों पर अलग-अलग तरह की पाबंदियां लागू हैं।

Updated: Sep 21, 2026, 04:34 PM IST

इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी ने स्कूलों में बुर्का और नकाब पर रोक लगाने का ऐलान किया है। उन्होंने रविवार को कहा कि इस संबंध में कैबिनेट जल्द प्रस्ताव पर फैसला लेगी। मेलोनी ने कहा कि स्कूलों में चेहरा ढका नहीं होना चाहिए और किसी पर परंपरा के नाम पर चेहरा ढकने का दबाव नहीं बनाया जाना चाहिए।

इसके अलावा स्कूलों में विदेशी छात्रों की संख्या सीमित रखने की भी योजना है। प्रस्तावित नियमों के तहत उन विदेशी छात्रों के माता-पिता को इटैलियन भाषा सीखनी होगी, जिनके बच्चों को स्कूल में घुलने-मिलने और इटली की शिक्षा व्यवस्था में शामिल होने में दिक्कत हो रही है।

बुर्का और नकाब पर प्रतिबंध लगाने वाला इटली पहला देश नहीं होगा। फ्रांस और चीन समेत दुनिया के करीब 24 देशों में सार्वजनिक जगहों पर चेहरे को पूरी तरह ढकने वाले कपड़ों पर अलग-अलग तरह की पाबंदियां लागू हैं। इटली में चेहरा ढकने को लेकर 1975 से कानून है। इसके तहत सार्वजनिक जगहों पर इस तरह चेहरा ढकना मना है, जिससे किसी व्यक्ति की पहचान न हो सके। हालांकि, कुछ खास परिस्थितियों में छूट दी जा सकती है।

साल 2008 के एक कोर्ट के फैसले में कहा गया था कि अगर कोई व्यक्ति धार्मिक या सांस्कृतिक वजह से चेहरा ढकता है, तो सिर्फ इसी वजह से उसे कानून तोड़ने वाला नहीं माना जाएगा। मामले की परिस्थितियों को भी देखा जाएगा। अब मेलोनी सरकार स्कूलों में बुर्का और नकाब पर अलग से रोक लगाने की तैयारी कर रही है। सरकार की मंजूरी के बाद प्रस्ताव को कानून बनाने के लिए संसद में भेजा जाएगा। इसे 60 दिनों के भीतर संसद से मंजूरी मिलना जरूरी होगा।