कांग्रेस अध्यक्ष पद के उम्मीदवार मल्लिकार्जुन खड़गे आज आएंगे भोपाल, MP के 502 वोटर्स से मांगेंगे समर्थन

कांग्रेस पार्टी के चुनाव कार्यक्रम के तहत 17 अक्टूबर को मतदान और 19 अक्टूबर को नतीजे घोषित होना हैं। मलिकार्जुन खडगे और शशि थरूर के बीच मुकाबला होगा।

Updated: Oct 12, 2022, 12:10 PM IST

कांग्रेस अध्यक्ष पद के उम्मीदवार मल्लिकार्जुन खड़गे आज आएंगे भोपाल, MP के 502 वोटर्स से मांगेंगे समर्थन

भोपाल। अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष पद के चुनाव को लेकर मध्य प्रदेश में भी सियासी सरगर्मियां तेज हो गई है। अध्यक्ष पद के उम्मीदवार मल्लिकार्जुन खड़गे बुधवार को भोपाल आ रहे हैं। यहां वे मध्य प्रदेश के 502 वोटर्स से अपने पक्ष में मतदान की अपील करेंगे।

प्रदेश कांग्रेस के महामंत्री प्रभारी प्रशासन राजीव सिंह ने बताया कि मल्लिकार्जुन खड़गे बुधवार सुबह 11.30 बजे प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में वरिष्ठ नेताओं एवं निर्वाचित प्रदेश कांग्रेस प्रतिनिधियों से चर्चा करेंगे। इसके बाद वे दोपहर 1.30 बजे कांग्रेस मुख्यालय पत्रकार वार्ता को संबोधित करेंगे। खड़गे दोपहर 3 बजे दिल्ली रवाना हो जाएंगे।

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कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष पद का चुनाव मलिकार्जुन खडगे और शशि थरूर के बीच हो रहा है। इस चुनाव में यह देखना दिलचस्प होगा कि मध्य प्रदेश के डेलीगेट्स किसके पक्ष में मतदान करते हैं। प्रदेश में कुल 502 मतदाता हैं जो इस चुनाव में अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे। इनमें 15 मनोनीत सदस्य हैं। इसके अलावा 487 प्रतिनिधि वोट डालेंगे। इनमें कांग्रेस के 95 विधायक भी शामिल हैं।

खड़गे के दौरे से दो दिन बाद यानी शुक्रवार को शशि थरूर भी भोपाल आने वाले हैं। ऐसे में किसका पलड़ा भारी होगा यह कहना फिलहाल मुश्किल है। क्योंकि पार्टी ने साफ कर दिया है कि वोटर्स को स्वविवेक से मतदान करना है। डेलीगेट्स को अपने पाले में करने के लिए शशि थरूर ने जहां अध्यक्ष चुनाव को लेकर अपना मेनिफेस्टो जारी किया है। वहीं खड़गे ने भी उदयपुर डिक्लेरेशन को पूरी तरह से लागू करने का ऐलान किया है।

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मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा है कि अगर चुनाव में वे जीत जाते हैं पार्टी के 50 फीसदी पदों पर 50 साल से कम उम्र के नेताओं की नियुक्ति की जाएगी। महिलाओं, एससी, एसटी और ओबीसी वर्ग के नेताओं को भी उचित प्रतिनिधित्व दिया जाएगा। साथ ही ये भी सुनिश्चित किया जाएगा कि कोई भी नेता एक पद पर पांच साल से अधिक समय तक ना रहे।