मंत्रीजी की जल्दबाजी से सोशल मीडिया पर भाजपा की हुई फज़ीहत, छोटू पठान और इमरान ने जारी किया वीडियो

दरअसल मंत्री महेंद्र सिंह सिसोदिया ने जिन दो लोगों को अपराधी बता कर दिग्विजय सिंह और जयवर्धन सिंह के फोटो साझा किए, वे वीडियो जारी कर दे रहे है अपने निर्दोष होने का सबूत

Updated: May 18, 2022, 03:22 PM IST

मंत्रीजी की जल्दबाजी से सोशल मीडिया पर भाजपा की हुई फज़ीहत, छोटू पठान और इमरान ने जारी किया वीडियो
Photo Courtesy: Facebook

भोपाल। आरोन में काले हिरण के शिकारियों द्वारा तीन पुलिसकर्मियों की हत्या के मामले में राजनैतिक आरोप प्रत्यारोपों के बीच पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री महेंद्र सिंह सिसोदिया की जल्दबाजी भाजपा के लिए फजीहत का कारण बन गई है। मंलवार सुबह गुना पुलिस ने काले हिरण मामले के आरोपी छोटू खान को मार गिराया और इसके तत्काल बाद मंत्री महेंद्र सिंह सिसोदिया ने छोटू पठान का विधायक जयवर्द्धन सिंह और पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह के साथ फोटो जारी कर दिया। लेकिन सच यह है कि जिस छोटू का फोटो मंत्री जी ने जारी किया वह ज़िदा है और अपनी बेहुनाही का सबूत दे रहा है। असल में मंत्री जी ने आनन-फानन में छोटू खान को, छोटू पठान समझकर फोटो जारी कर दिया। जबकि पुलिस एनकाउंटर में छोटू खान मारा जा चुका है और यह छोटू जिंदा है और अपने लिए न्याय मांग रहा है।

जब छोटू पठान को इस मामले की जानकारी प्राप्त हुई तो उन्होंने वीडियो संदेश जारी कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान से आग्रह किया कि मेरे खिलाफ चल रही अफवाह को बंद कराया जाए। इस मामले में पुलिस का बयान आया कि एनकाउंटर में मारा गया छोटू खान है, छोटू पठान नही। वहीं इस मामले में कांग्रेस पार्टी के नेताओं की प्रतिक्रिया भी सामने आई।

पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने ट्वीट किया कि "लो अब एक और उससे भी बड़ा झूठ!! जिस छोटू पठान का फ़ोटो मेरे व जयवर्धन के साथ बताया गया है वह छोटू पठान ही नहीं है जिसे गुना पुलिस ने एनकाउंटर में मारा। 
शिवराज जी बीडी शर्मा जी नरोत्तम मिश्रा जी आपकी फ़ौज को सम्भालिए महाराज की फ़ौज को बचाते बचाते आप स्वयं फँसते जा रहे हैं।"

 

 

विधायक जयवर्द्धन सिंह ने कहा कि अगर मंत्री महेंद्र सिंह सिसोदिया और भाजपा नेता हीरेंद्र सिंह बंटी बना की पीछे 15 दिनों की कॉल डिटेल की जांच करा ली जाए तो मामला स्पष्ट हो जाएगा कि आरोपियों से किसके संबंध है।

 

 

 

 

वहीं पूर्व मंत्री पीसी शर्मा ने भी लिखा कि तो क्या वाहवाही लूटने के चक्कर में किसी निर्दोष की हत्या करवा दी शिवराज सरकार ने ? यह तो और भी गंभीर विषय है माननीय हाईकोर्ट संज्ञान लेवें।

 

 

इससे पहले कांग्रेस पार्टी ने प्रेस कांफ्रेंस कर इस घटना की न्यायिक जांच की मांग की एवं भाजपा नेताओं द्वारा अपराधियों को संरक्षण देने और जानवरों की तस्करी में सिंधिया समर्थक मंत्रियों के हाथ होने की बात कही थी।