Kangana Ranaut: गृह मंत्रालय से मिली वाई प्लस कैटेगरी सिक्योरिटी

Kangana Security: कंगना रानाउत की सुरक्षा में अब तैनात रहेंगे 11 जवान, अभिनेत्री ने ट्वीट कर अमित शाह का जताया आभार, आलोचकों ने कहा- बयानबाजी का तोहफा

Updated: Sep 07, 2020 06:58 PM IST

Kangana Ranaut: गृह मंत्रालय से मिली वाई प्लस कैटेगरी सिक्योरिटी
Photo Courtsey: toi

मुंबई। बॉलीवुड अभिनेत्री कंगना रनौत को केंद्रीय गृह मंत्रालय की ओर से वाई श्रेणी की सुरक्षा दी गई है। हिमाचल प्रदेश सरकार की सलाह पर गृह मंत्रालय ने यह फैसला लिया है। Y+ कैटेगरी सुरक्षा मिलने के बाद अभिनेत्री ने ट्वीट कर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को धन्यवाद कहा है। केंद्र सरकार द्वारा सुरक्षा मिलने पर कंगना ने सोमवार को ट्वीट कर कहा, 'ये प्रमाण है कि अब किसी देशभक्त की आवाज़ को कोई फ़ासीवादी नहीं कुचल सकेगा, मैं अमित शाह जी की आभारी हूँ। वो चाहते तो हालातों के चलते मुझे कुछ दिन बाद मुंबई जाने की सलाह देते मगर उन्होंने भारत की एक बेटी के वचनों का मान रखा, हमारे स्वाभिमान और आत्मसम्मान की लाज रखी, जय हिंद।'

 

 

मुंबई की तुलना पीओके से की

दरअसल, अभिनेत्री ने मुंबई की तुलना कश्मीर के कब्जे वाले कश्मीर से कर दी थी। इसके जवाब में शिवसेना नेता संजय राउत ने कहा था कि वह जिस थाली में खा रही हैं, उसी में थूक रही हैं। वह एक बार पीओके हो आएं हम उन्हें खर्चा दे देंगे। वहीं एमएनएस नेता अमेय खोपकर ने भी कंगना के बयान पर एतराज जताया था। उन्होंने कहा था कि प्रदेश सरकार को कंगना के खिलाफ देशद्रोह का मामला दर्ज करना चाहिए। उन्होंने कंगना को मानसिक रोग की शिकार करार दिया था।

 

 

किसी के बाप में हिम्मत तो रोके - कंगना

इसके बाद कंगना ने एक के बाद एक ट्वीट कर कहा था कि मुझे कई लोग मुंबई वापस न आने की धमकी दे रहे हैं। इसलिए मैने तय किया है कि 9 सितंबर को मुंबई पहुंचकर मैं टाइम पोस्ट करूंगी। किसी के बाप में हिम्मत है तो रोक लो।' इसके जवाब में संजय राउत ने लिखा था कि, 'मराठी मानुष के बाप की है। शिवसेना महाराष्ट्र के दुश्मनों का श्राद्ध किए बिना नहीं रहेगी। वादा। जय हिंद।' अब कंगना को सुरक्षा मिलने के बाद कहा जा रहा है कि इन्हीं विवादित बयानबाजी के लिए बीजेपी ने कंगना को तोहफा दिया है।

 

 

11 जवान सुरक्षा में होंगे तैनात

बता दें कि भारत में Y+ कैटेगरी सुरक्षा का तीसरा स्तर होता है। यह कैटेगरी उन वीआइपी लोगों को दिया जाता है, जिनकी जान को किसी तरह का खतरा होता है। इसमें 11 सुरक्षाकर्मियों की तैनाती होती है, जिनमें 1 या 2 कमांडो और 2 पीएसओ शामिल होते हैं। आलोचकों ने कंगना को सिक्योरिटी दिए जाने को शिवसेना नेताओं के खिलाफ बयानबाजी करने के लिए बीजेपी के तोहफे के रूप में देखा है।