उड़न परी पीटी उषा ने रचा इतिहास, बनीं भारतीय ओलंपिक संघ की पहली महिला अध्यक्ष

पीटी उषा भारतीय ओलंपिक संघ की पहली महिला अध्यक्ष चुनी गईं। वे इस पद के लिए निर्विरोध निर्वाचित हुई हैं।

Updated: Dec 11, 2022, 10:56 AM IST

उड़न परी पीटी उषा ने रचा इतिहास, बनीं भारतीय ओलंपिक संघ की पहली महिला अध्यक्ष

नई दिल्ली। उड़न परी नाम से मशहूर भारत की महान एथलीट पीटी उषा भारतीय ओलिंपिक संघ (IOA) की पहली महिला अध्यक्ष चुनी गई हैं। 58 वर्षीय पीटी उषा को चुनाव के बाद शीर्ष पद के लिए निर्विरोध निर्वाचित घोषित किया गया। सर्वोच्च न्यायालय के पूर्व जस्टिस नागेश्वर राव की देखरेख में ओलंपिक संघ का चुनाव संपन्न हुआ।

पीटी उषा के निर्वाचन से भारतीय खेल प्रशासन में नए युग की शुरुआत हुई है। पीटी उषा एशियाई खेलों में कई पदक और 1984 के लास एंजलिस ओलंपिक खेलों में 400 मीटर की बाधा दौड़ में चौथे स्थान पर रहीं है। उषा के अध्यक्ष चुने जाने से आईओए में गुटीय राजनीति के कारण पैदा हुआ संकट भी समाप्त हो गया है।

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बता दें कि अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक समिति (आईओसी) ने इस महीने चुनाव नहीं कराने की दशा में आईओए को निलंबित करने की चेतावनी दी थी। इन चुनावों को दिसंबर 2021 में ही होना था। उषा का शीर्ष पद पर चुना जाना पिछले महीने ही तय हो गया था क्योंकि वह अध्यक्ष पद के लिए नामांकन करने वाली एकमात्र प्रत्याशी थी। किसी ने भी उषा का विरोध नहीं किया।

आईओए के 95 साल के इतिहास में वह अध्यक्ष बनने वाली पहली ओलंपियन और पहली अंतरराष्ट्रीय पदक विजेता हैं। उषा ने साल 2000 में संन्यास लेने से पहले भारतीय और एशियाई एथलेटिक्स में दो दशक तक अपना दबदबा बनाया था। उषा देश का प्रतिनिधित्व करने वाले पहली खिलाड़ी हैं।

निर्वाचन के बाद पीटी ऊषा ने कहा कि, 'मैंने कभी नहीं सोचा था कि मैं आईओए प्रमुख या संसद सदस्य बनूंगी। एथलीट आयोग के सदस्यों ने मुझे अपना नामांकन दाखिल करने के लिए प्रेरित किया। हम खेलों की बेहतरी के लिए सामूहिक प्रयास करेंगे, ताकि अंतरराष्ट्रीय पटल पर हमारा तिरंगा ऊंचा रहे। हम देश के लिए और पदक लाने के लिए राष्ट्रीय महासंघों, एथलीटों और कोचों के साथ काम करेंगे।'