थोक बाजार में 25 रुपये सस्ता होने के बावजूद उपभोक्ताओं को महंगा मिल रहा प्याज़

मांग और आपूर्ति में अंतर का फ़ायदा उठा रहे बिचौलिये, थोक में दाम घटने के बावजूद फुटकर में महंगा बिक रहा है प्याज़

Updated: Nov 05, 2020, 02:59 PM IST

थोक बाजार में 25 रुपये सस्ता होने के बावजूद उपभोक्ताओं को महंगा मिल रहा प्याज़
Photo Courtesy: Navbharat times

भोपाल। स्टाक लिमिट तय होने के बाद भोपाल की मंडी में प्याज के थोक दाम 25 रुपये कम हो गएड हैं। लेकिन फुटकर दाम अब भी आसमान छू रहे हैं। भोपाल के अलग-अलग सब्जी बाजारों और हाट में प्याज अब भी 55 रुपये से 65 रुपये प्रति किलो के भाव पर बेचा जा रहा है।

गौरतलब है कि बीते 23 अक्टूबर को केंद्र सरकार ने प्याज के स्‍टॉक की अधिकतम सीमा तय कर दी है। जिसके तहत होलसेलर को अधिकतम 25 टन प्याज स्टाक करने की इजाजत दी गई है। फुटकर व्यापारी अधिकतम दो टन प्याज़ ही स्टॉक में रख सकते हैं। ये आदेश लागू होने के बाद से भोपाल की सबसे बड़ी करोंद मंडी में प्याज की आवक बढ़ गई। जिससे वहां दामों में नरमी देखने को मिली।

दाम घटने के बाद थोक प्यापारी अब 25 से 40 रुपये किलो की दर से प्याज बेच रहे हैं। लेकिन यही प्याज़ फुटकर बाज़ार में अब भी महंगे दामों पर बिक रहा है। इन दिनों व्यापारी अपने गोदामों और किसानों के पास जमा प्याज बेच रहे हैं। भोपाल के थोक कारोबारियों का कहना है कि दिसंबर में प्याज मंडियों में नया प्याज़ आने से फुटकर बाजार में भी प्याज के दाम कम होंगे।

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गौरतलब है कि भोपाल के विभिन्न सब्जी बाजारों जैसे न्यू मार्केट, कोलार रोड, होशंगाबाद रोड, गवर्मेंट प्रेस क्षेत्र बाजार, बिट्टन मार्केट, पांच नंबर, कोटरा बाजार, अवधपुरी, हबीबगंज में प्याज अलग-अलग दामों पर बिक रहा है। करोंद मंडी में कुछ दिनों से प्याज केवल 300-350 क्विंटल ही आ रहा है। जिससे बिचौलियों को फायदा हो रहा है। बिचौलिए मांग और आपूर्ति में फर्क का फायदा उठाकर महंगा प्याज बेच रहे हैं।

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बाजार में अलग-अलग क्वॉलिटी के प्याज़ का दाम भी अलग-अलग है। छोटा प्याज़ 30-35 रुपये किलो और बड़ा और बेहतर क्वालिटी का प्याज़ 60-65 रुपये किलो बिक रहा है। आपको बता दें कि देशभर में प्याज़ के आसमान छूते दामों पर काबू पाने के लिए केंद्र सरकार ने विदेशों से 25 हज़ार टन प्याज इम्पोर्ट करने का निर्णय लिया है।