बेंगलुरु में बाढ़, रिहायशी इलाके जलमग्न, ट्रैक्टर से ऑफिस जा रहे आईटी पेशेवर

कर्नाटक में बीते दो दिन में हुई मूसालाधार बारिश से कई इलाकों में पानी भर गया है। सड़कों से लेकर घर-मकान, दुकानें और दफ्तर तक सब जलमग्न हो गए हैं। बारिश और बाढ़ की वजह से कई आईटी कंपनियों का कामकाज भी प्रभावित हुआ है।

Updated: Sep 06, 2022, 12:58 PM IST

बेंगलुरु में बाढ़, रिहायशी इलाके जलमग्न, ट्रैक्टर से ऑफिस जा रहे आईटी पेशेवर

बेंगलुरु। कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु को सिलिकॉन बैलीहै के नाम से जाना जाता है। आईटी हब बेंगलुरु को हाईटेक शहर के पैमाने पर अव्वल बताया जाता है, लेकिन वहां की सड़कें भारी बारिश से बेहाल हैं। बेंगलुरु समेत कर्नाटक के कई शहरों में भारी बारिश से बाढ़ जैसे हालात हैं। घर और दुकानों से लेकर दफ्तर तक पानी से लबालब हैं।

बेंगलुरु में सड़कें जलमग्न होने की वजह से लोगों का घरों से ऑफिस के लिए निकलना भी मुश्किल हो रहा है। बारिश और बाढ़ की वजह से कई एक आईटी फर्म की एक महिला कर्मचारी ने समाचार एजेंसी एएनआई को बताया, "हम अपने ऑफिस से इतनी छुट्टियां नहीं ले सकते हैं, हमारा काम प्रभावित हो रहा है. हम ट्रैक्टरों के लिए हमें 50 रुपये किराए में जाने का इंतजार कर रहे हैं.आईटी कंपनियों का कामकाज भी प्रभावित हुआ सड़क पर बने डिवाइडर भी पानी में डूब गए हैं। इतना ही नहीं उन्हें अपने ऑफिस तक पहुंचने के लिए ट्रैक्टर की सवारी का सहारा लेना पड़ रहा है।

आईटी फर्म के कर्मचारियों का कहना है कि हम अपने ऑफिस से इतनी छुट्टियां नहीं ले सकते हैं, हमारा काम प्रभावित हो रहा है। हम ट्रैक्टरों के लिए हमें 50 रुपये किराए में जाने का इंतजार कर रहे हैं। इस बीच, कर्नाटक के मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई ने आईटी कंपनियों को बेंगलुरु में बारिश और जलभराव के कारण 225 करोड़ रुपये के अनुमानित नुकसान पर चर्चा का आश्वासन दिया है। 

बोम्मई ने कहा कि हम आईटी कंपनियों को बुलाएंगे और उनके साथ जलभराव के कारण होने वाली समस्याओं के बारे में बात करेंगे। हम मुआवजे और बारिश के कारण हुए अन्य नुकसान पर भी चर्चा करेंगे। उनका यह बयान तब आया जब आईटी कंपनियों ने मुख्यमंत्री से आउटर रिंग रोड की समस्या का समाधान करने को कहा।