ICMR Report On Diet: कोरोना से करना है मुकाबला तो अपने खानपान में करें ये बदलाव

ICMR की सलाह, कोरोना काल में बेहतर इम्यूनिटी के लिए भोजन में 45% अनाज, 17% दालें, 5% सब्जियों को जरूर शामिल करें

Updated: Oct 08, 2020 03:01 PM IST

ICMR Report On Diet:  कोरोना से करना है मुकाबला तो अपने खानपान में करें ये बदलाव
Photo Courtesy: obino

कोरोना काल में लोग अपनी सेहत पर पहले से ज्यादा ध्यान दे रहे हैं। इस महामारी के दौर में सेहतमंद बने रहना किसी टास्क के कम नहीं है। स्वस्थ्य रहने और इम्यूनिटी बढ़ाने के लिए तरह-तरह के तरीके अपनाए जा रहे हैं। इस बीच कई भ्रांतियां भी लोगों के बीच फैली हैं। ऐसे में हैदराबाद के ICMR ने एक रिपोर्ट जारी की है। न्यूट्रीशन इंस्टिट्यूट ऑफ इंडिया की इस रिपोर्ट में बताया गया है कि कोरोना से लड़ने के लिए हमें अपने भोजन में किन बातों का ध्यान रखना चाहिए। मिसाल के तौर पर हमारी डाइट 2 में हजार कैलोरीज़ होनी चाहिए, खाने में हर तरह के अनाज सब्जियों, फलों, दूध, और दूध से बनी चीजों को जगह देनी चाहिए। 

खाने में कार्बोहाइड्रेट, प्रोटीन, फैट और मिनरल्स का हो बैलेंस

ICMR के वैज्ञानिकों का कहना है कि खाने के लिए किसी एक तरह के भोजन पर निर्भर नहीं होना चाहिए। एक ही तरह का खाना खाने से हमें ऊर्जा तो मिलेगी, लेकिन शरीर में विटामिन, कैल्शियम और प्रोटीन का बैलेंस बिगड़ने की आशंका हो सकती है।

कोरोना काल में कैसी हो आपकी थाली?

 ICMR के अनुसार रोजाना अपने खाने में 270 ग्राम अनाज जिसमें रोटी और चावल को शामिल करना चाहिए। इससे 2 हजार कैलोरी का करीब 45% हिस्सा मिलेगा। प्रोटीन की पूर्ती के लिए खाने में करीब 90 ग्राम दाल का उपयोग किया जाना चाहिए। यह करीब 17% कैलोरी ऊर्जा प्रदान करेगा। दालों में हर रंग की दाल का उपयोग बदल-बदल कर किया जा सकता है।

रोजाना की डाइट में करीब 300 ग्राम दूध और दही का उपयोग करना जारूरी है। इससे करीब 10% कैलोरी मिलेगी। रोजाना दिन में कम से कम 150 ग्राम फल खाना चाहिए। यह कैलोरी का 3% हिस्सा पूरा करेगा। मौसमी फलों में मौजूद मिनरल्स और फाइबर्स आपकी सेहत में चार चांद लगाने का काम करेंगे।

रोजाना करीब 20 ग्राम नट्स और अंकुरित बीज खाने में शामिल करने से कैलोरी का 8% हिस्सा कवर होगा। वहीं खाने में 27 ग्राम घी और फैट्स लेने से 12% एनर्जी मिलेगी। 

अलग है गावों और शहरों का खानपान

गांवों और शहरों के खानपान में काफी अंतर है। शहरों में 51% निर्भरता अनाज पर होती है। जबकि गांवों में 65.2% निर्भरता अनाज पर है। ICMR वैज्ञानिकों से मिली जानकारी के अनुसार एनर्जी सोर्स के तौर पर दालों, फलियों, मांस, अंडे और मछली का सेवन करना चाहिए। जबकि ऐसा नहीं हो रहा है। अभी लोग केवल 11% ही इन चीजों पर निर्भर हैं, लेकिन यह 17% होनी चाहिए।

सब्जियों पर केवल 5% निर्भर होना चाहिए

गांवों की अपेक्षा शहरों में ज्यादा सब्जियों का उपयोग करते हैं। गांवों में इस बात का पालन सिर्फ 8.8% और शहरों में 17% लोग ही कर रहे हैं। नट्स और ऑयल सीड्स पर गावों के लोगों की निर्भरता 22% है, जबकि शहरी लोगों की निर्भरता 27% है। आईसीएआर के मुताबिक यह घटना चाहिए, लोगों को सब्जियों पर केवल 5% निर्भर होना चाहिए। जबकि यह गांवों और शहरों में ज्यादा है।

अच्छी क्वालिटी के प्रोटीन का इनटेक बढ़ाने की जरूरत 

शहरों में मिठाइयों और स्नैक्स का उपयोग ज्यादा होता है। ICMR की रिपोर्ट हिसाब से शहरी लोग 11% एनर्जी के सोर्स के रूप में स्नैक्स और मिठाइयां खाते हैं। जबकि मिठाई और स्नैक का उपयोग कम करना चाहिए। सेहत के लिए फायदेमंद अच्छी क्वालिटी के प्रोटीन का उपयोग गांवों में 5% लोग करते हैं, जबकि शहरों में 18% लोग प्रोटीन के बारे में ध्यान देते हैं। अच्छी क्वालिटी के प्रोटीन का इनटेक बढ़ाने की जरूरत है।

आपके काम के हिसाब से हो आपका डाइट चार्ट

भोपाल की जानीमानी डायटीशियन डॉक्टर अंजू विश्वकर्मा का कहना है कि आपकी लाइफ स्टाइल के हिसाब से आपका खानपान होना चाहिए। आप कितनी मेहनत करते हैं। आपका काम बैठने का है, या चलना फिरना ज्यादा होता है। उसके हिसाब से खाने की मात्रा और प्रकार का चुनना चाहिए। कोरोना काल में इम्यूनिटी बढ़ाने की ज्यादा जरूरत है, ऐसे में खाली पेट नहीं रहना चाहिए। नाश्ता और डिनर हाई प्रोटीन होना चाहिए। वेजीटेरियन हैं तो सलाद, दालें, मल्टीग्रेन रोटी, सब्जी ले सकते हैं। नॉनवेजीटेरियन हैं तो अंडे, चिकन, फिश का उपयोग किया जा सकता है।

मल्टीग्रेन रोटी और रंग बिरंगी की दालों का उपयोग है फायदेमंद

अपनी डाइट में हर रंग के खाने का उपयोग करना चाहिए। मूंगदाल, तुअर दाल, मसूर दाल के उपयोग से आपको कम कैलोरी के साथ पूरा पोषण मिलेगा। मल्टीग्रेन रोटी खाने से आप एक ही तरह का आनाज खाने से बच सकते हैं। गेहूं के आटे की जगह ज्वार, बाजरा, मक्का, रागी के आटे का उपयोग करें, इससे आपके खाने में विविधता आएगी और कैलोरी भी बैलेंस करने में आसानी होगी।

कच्चा सलाद खाने की जगह स्टीम सलाद का करें उपयोग

कच्चा सलाद खाने की जगह सलाद को स्टीम करके या उबालकर उपयोग करें। कोरोना काल में शरीर को हाइड्रेट रखना भी जरूरी है। ऐसे में नारियल पानी, नींबू पानी, छाछ और चिया सीड वाटर एक बेहतर आप्शन हो सकते हैं। चियासीड में फाइबर्स और ओमेगा रिच होता है।

अगर आप वेजीटेबल जूस का उपयोग करें तो यह और भी सेहतमंद होगा। गाजर, चुकंदर, लौकी, संतरा, मौसमी, आंवला, अनार का जूस भी लिया जा सकता है। अगर आप इनदिनों कच्चा आहार नहीं ले रहे हैं तो, आप गुनगना कर के जूस ले सकते हैं। इसमें काली मिर्च, नींबू जीरा स्वाद से साथ साथ इम्यूनिटी को भी बढ़ाने का काम करेंगे।

दालों का इनटेक बढ़ाने के लिए अंकुरित मूंग सलाद या फिर मूंग दाल का चीला कारगर होगा। वहीं भुने चने भी आपके प्रोटीन इनटेक को बढ़ाने में मददगार होंगे।

नट्स हैं बेस्ट, एंटीऑक्सीडेंट से बढ़ेगी इम्यूनिटी

बादाम, अखरोट जैसे नट्स का उपयोग करे इनमें एंटीऑक्सीडेंट होते हैं। वहीं भुनी अलसी, पंपकिन सीड्स, सनफ्लावर सीड्स और तिल एनर्जी देंगे और इनमें कैलोरी भी कम होती है। अधिकतर बीज फाइबर और एंटीऑक्सीडेंट रिच होते हैं। खाने में पनीर,टोफू, दूध, दही, छाछ के उपयोग से प्रोटीन कैल्शियम का इनटेक बैलेंस किया जा सकता है। आप अपनी सुविधा के अनुसार अपनी डाइट में इन्हे शामिल कर सकते हैं।