Digvijaya Singh: दुष्यंत चौटाला को किसानों का समर्थन करना चाहिए

Agriculture Reform Ordinances: हरियाणा के उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला पर इस्तीफे का दबाव, दिग्विजय सिंह ने कहा इस्तीफा नहीं दिया तो खामियाजा भोगेंगे

Updated: Sep 18, 2020 11:04 PM IST

Digvijaya Singh: दुष्यंत चौटाला को किसानों का समर्थन करना चाहिए
Photo Courtesy: india.com

नई दिल्ली। कृषि विधेयकों के जारी विरोध के बीच अब जेजेपी नेता और हरियाणा के उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला पर अपने पद से इस्तीफा देने का दबाव बढ़ने लगा है। केन्द्रीय मंत्री और शिरोमणी अकाली दल की नेता हरसिमरत कौर बादल के इस्तीफा देने के बाद से ही दुष्यंत चौटाला पर विपक्ष लगातार वार किए जा रहा है। कांग्रेस के दिग्गज नेता दिग्विजय सिंह का कहना है कि अगर दुष्यंत चौटाला किसानों के समर्थन और सरकार के विधेयक के विरोध में नहीं उतरते हैं तो इनका खामियाजा उन्हें भविष्य में भुगतना पड़ेगा। 

वरिष्ठ कांग्रेस नेता और राज्यसभा सांसद दिग्विजय सिंह ने न्यूज़ एजेंसी एएनआई से चर्चा में कहा कि मैं किसानों के समर्थन में हरसिमरत कौर बादल के इस्तीफे पर उन्हें धन्यवाद देना चाहता हूं। मैं दुष्यंत चौटाला को आगाह करना चाहता हूं कि वे कृषि विरोधी कानूनों पर केन्द्र सरकार का समर्थन न करें अन्यथा इन्हें निकट भविष्य में बहुत बड़ी हार का सामना करना पड़ सकता है। उन्हें किसानों का समर्थन करना चाहिए।'

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इससे पहले कांग्रेस नेता रणदीप सुरजेवाला और दीपेंद्र सिंह हुड्डा ने जेजेपी नेता और हरियाणा के उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला से इस्तीफे की मांग की है। सुरजेवाला ने ट्वीट कर कहा है कि दुष्यंत जी, हरसिमरत के इस्तीफ़े के नाटक को ही दोहरा कर छोटे सीएम के पद से इस्तीफ़ा दे देते।पद प्यारा है, किसान प्यारे क्यों नहीं ?कुछ तो राज है, किसान माफ नहीं करेंगे। जजपा सरकार की पिछलग्गु बन किसान की खेती-रोटी छिनने के जुर्म की भागीदार है।

इसके अलावा राज्यसभा सांसद दीपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा है कि अकाली हरसिमरत कौर बादल के इस्तीफ़े के बाद इस प्रश्न को और बल मिलता है- जब पंजाब के सारे दल किसान के पक्ष में एक हो कर केंद्र के इन किसान-घातक अध्यादेशों के विरोध में आ सकते है तो हरियाणा के सत्तासीन BJP-JJP नेता क्यूँ किसान से विश्वासघात कर रहे है? किसान-हित से ऊपर सत्ता-लोभ।