आतंकवादी मसूद अजहर के नाम पाकिस्तानी कोर्ट का गिरफ्तारी वारंट, टेरर फंडिंग का आरोप

आतंकवादी संगठन जैश ए मोहम्मद का सरगना मसूद अजहर 26/11 के मुंबई अटैक और संसद पर हमले का मास्टर माइंड है

Updated: Jan 08, 2021, 10:11 PM IST

आतंकवादी मसूद अजहर के नाम पाकिस्तानी कोर्ट का गिरफ्तारी वारंट, टेरर फंडिंग का आरोप
Photo Courtesy: Hindustan Times

नई दिल्ली। पाकिस्तान की एक अदालत ने आतंकवादी मसूद अजहर के खिलाफ गिरफ्तारी का वारंट जारी किया है। गुरुवार को अदालत ने मसूद अजहर के खिलाफ यह वारंट टेरर फंडिंग के मामले में जारी किया है। मसूद अजहर पर आतंकवादी गतिविधियों के लिए फंडिंग का इंतज़ाम करने का आरोप है। पाकिस्तान की एक अदालत ने आतंक रोधी विभाग को मसूद अजहर को कोर्ट में हाजिर करने के लिए कहा है। 

फिलहाल मसूद अजहर पाकिस्तान के पंजाब प्रांत में स्थित गुजरांवाला में रहता है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक अजहर गुजरांवाला के बहावलपुर में किसी सुरक्षित स्थान पर छिपा हुआ है। गुजरांवाला पाकिस्तान के लाहौर शहर से करीबन 130 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। 

मसूद अजहर पाकिस्तान के आतंकवादी संगठन जैश ए मोहम्मद का सरगना है। उसे मई 2019 में संयुक्त राष्ट्र द्वारा आतंकवादी घोषित किया जा चुका है। अजहर भारत में संसद पर हुए हमले और 26/11 के मुंबई टेरर अटैक का मास्टर माइंड भी माना जााता है। कांधार हाईजैक के बाद तत्कालीन अटल बिहारी वाजपेयी की सरकार ने बंधकों की रिहाई के एवज में मसूद अजहर को छोड़ दिया था।

पुलवामा हमले में भी मसूद अजहर का नाम सामने आया था। इसके बाद से ही पाकिस्तान में आतंकवाद विरोधी अभियान शुरू किया गया है। पुलवामा हमले के बाद पाकिस्तान में दबाव बढ़ने पर मसूद अजहर के आतंकवादी संगठन के 100 से भी ज़्यादा कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार किया गया था। जिसमें मसूद अजहर का भाई और भतीजा भी शामिल है।