कोरोना ने छीनी परिवार की खुशियां, घर में तीन लोगों की कोरोना से मौत, दुखी होकर बहू ने की आत्महत्या

देवास के एक जाने माने व्यापारी का परिवार कोरोना की वजह से पूरी तरह बिखर गया, पत्नी, दो बेटों की मौत के बाद छोटी बहू ने दी जान, परिवार में बुजुर्ग, एक बहू और पोता, पोती बचे

Updated: Apr 22, 2021, 01:06 AM IST

कोरोना ने छीनी परिवार की खुशियां,  घर में तीन लोगों की कोरोना से मौत, दुखी होकर बहू ने की आत्महत्या
Photo courtesy: mpbreaking

देवास। कोरोना दुनिया भर में कोहराम मचा रहा है। देवास में एक महिला ने ड्रिपेशन में आकर जान देदी। दरअसल वह अपनी सास,पति और जेठ की मौत से दुखी थी, सदमें में आकर उसने आत्महत्या कर ली। अग्रवाल परिवार में एक ही महीने में तीन लोगों की जान कोरोना ने ले ली। जिसका सदमा रेखा नहीं सह पाई और फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली। अब गर्ग परिवार में बुजुर्ग ससुर, बड़ी बहू और पोते-पोतियां रह गए हैं। जिससे बुजुर्ग बाल किसन गर्ग भी सदमे में हैं। कोरोना ने उनका पूरा घर उजाड़ दिया है। कोरोना के कोहराम से महज चंद दिनों में ही कोरोना ने उनकी 75 वर्षीय पत्नी और दो जवान बेटों की मौत हो गई। परिजनों की मौत का सदमा उनकी छोटी बहू से नहीं सह सकी और  फांसी लगा ली।

दरअसल बुजुर्ग की पत्नी चंद्रकला को कोरोना संक्रमण की वजह से 14 अप्रैल को निधन हुआ था। जिसके दो दिन के बाद बड़ा बेटा संजय चल बसा। 51 साल के बेटे की मौत के आंसू सूखे भी नहीं थे कि 48 साल का छोटा बेटा स्वप्नेश भी कोरोना की भेंट चढ़ गया। पति सास औऱ जेठ की मौत से दुखी 45 साल की रेखा ने बुधवार को फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। रेखा की शादी 20 साल पहले हुई थी। उसके ससुर बालकिसन थोक व्यापारी हैं।

प्रदेश मे बीते 24 घंटे में कोरोना के 13 हजार से ज्यादा नए मरीज मिले हैं। जिसके बाद कोरोना एक्टिव मरीजों की संख्या 82 हजार से ज्यादा हो गई है। मध्यप्रदेश में कोरोना संक्रमण दर 24 प्रतिशत हो चुकी है। इस महीने अब तक करीब 774 मरीजों की मौत हुई है। श्मशानों में अंतिम संस्कार के लिए कतारें लगने की  स्थिति तक निर्मित हो गई थी।