MP में हाथ से हाथ जोड़ो अभियान की तैयारियां शुरू, रविवार को भोपाल में कांग्रेस नेताओं की अहम बैठक

कांग्रेस स्टीयरिंग कमेटी की बैठक में तैयार हुई है हाथ से हाथ जोड़ो अभियान की रूपरेखा, स्टीयरिंग कमेटी के सदस्य दिग्विजय सिंह और पीसीसी चीफ कमलनाथ की अगुवाई में रविवार को होगी एमपी कांग्रेस की अहम बैठक।

Updated: Dec 16, 2022, 10:45 AM IST

MP में हाथ से हाथ जोड़ो अभियान की तैयारियां शुरू, रविवार को भोपाल में कांग्रेस नेताओं की अहम बैठक

भोपाल। भारत जोड़ो यात्रा को मिल रहे आपार जनसमर्थन से उत्साहित कांग्रेस ने अगले राष्ट्रव्यापी जनसंपर्क कार्यक्रम "हाथ से हाथ जोड़ो" की तैयारियां शुरू कर दी है। यह अभियान पूरे देश भर में चलाया जाएगा। मध्य प्रदेश कांग्रेस ने रविवार 18 दिसंबर को इस संबंध में बैठक बुलाई है। इस बैठक में कार्यक्रम से जुड़ी रूपरेखा तैयार की जाएगी।

कांग्रेस स्टीयरिंग कमेटी के सदस्य दिग्विजय सिंह और पीसीसी चीफ कमलनाथ की अगुवाई में आयोजित इस बैठक में प्रदेश कांग्रेस कमेटी के तमाम सीनियर नेता मौजूद रहेंगे। बताया जा रहा है कि बैठक कमलनाथ के आवास पर होगी। इस दौरान अभियान को सफल बनाने संबंधी कार्ययोजना को लेकर विस्तृत चर्चा होगी।

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दरअसल, बीते दिनों नई दिल्ली स्थित पार्टी मुख्यालय में कांग्रेस स्टीयरिंग कमेटी की पहली बैठक बुलाई गई थी। इस बैठक में राष्ट्रीय अधिवेशन के अलावा राष्ट्रव्यापी जनसंपर्क अभियान "हाथ से हाथ जोड़ो" अभियान चलाने संबंधी निर्णय लिया गया। 30 जनवरी 2023 को श्रीनगर में यात्रा ख़त्म होने के बाद हाथ से हाथ जोड़ो यानी घर-घर तक कार्यकर्ताओं की पहुँच के लिए पूरे देश में एक साथ कैंपेन चलाया जाएगा। 

माना जा रहा है कि हाथ से हाथ जोड़ो अभियान की कमान प्रदेश कांग्रेस कमेटी जिला और ब्लाक इकाइयों को सौंपेगी। जिला और ब्लाक पदाधिकारियों का दायित्व होगा कि वे दो माह तक घर-घर जनसंपर्क अभियान चलाएंगे। इसमें विधायकों और जिला के प्रभारियों को भी दायित्व सौंपा जाएगा। अभियान के दौरान भाजपा सरकार की असफलताओं और महंगाई, बेरोजगारी जैसे मुद्दों पर गांवों में चर्चा होगी।

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दो माह तक चलने वाले "हाथ से हाथ जोड़ो" अभियान को मध्य प्रदेश में कांग्रेस के लिए चुनाव संबंधी तैयारियों के लिए बड़ा अवसर माना जा रहा है। इसके माध्यम से गांव-गांव में जनसंपर्क होगा और पार्टी आपनी बात प्रत्येक व्यक्ति तक पहुंचा पाएगी। साथ ही इस दौरान 15 महीने में कमलनाथ सरकार की उपलब्धियां भी गिनाई जाएंगी।